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राजस्व न्यायालयों में बाबुओं का ताला, कमिश्नरी, कलेक्ट्रेट और तहसीलों से बैरंग लौटे 500 से ज्यादा पक्षकार

कलेक्ट्रेट से लेकर तहसीलों में कंप्यूटर ऑपरेटरों ने बढ़ायी 15 दिन से एक माह तक जनरल पेशी
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रीवा

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Rajesh Patel

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Updated: 27 Jul 2018, 12:32 PM IST

commission to collectorate-tehsils: Babu's lock in revenue courts

commission to collectorate-tehsils: Babu's lock in revenue courts

रीवा. कमिश्नरी से लेकर विभिन्न राजस्व न्यायालयों में ताला लटक रहा है। पेशी पर दूर-दूर से पहुंचे पक्षकारों को बैरंग लौटना पड़ा। कुछ अधिकारियों के कोर्ट में कंप्यूटर ऑपरेटरों ने 15 से एक माह तक जनरल पेशी बढ़ा दी है। अफसरों की चौखट पर पक्षकार परेशान हैं और जिम्मेदार तमाशबीन बने हैं।

पक्षकार के सामने ताला लगाकर चले गए बाबू
कमिश्नरी कार्यालय के प्रथम तल पर स्थित राजस्व मंडल कार्यालय में गुरुवार दोपहर 12.10 बजे बाबू ताला लगा रहे थे। तभी सीधी जिले के रामपुर नैकिन क्षेत्र की महिला पक्षकार कमला ङ्क्षसह पेशी की जानकारी चाही तो, बाबू दो टूक जवाब दिया कि हड़ताल है। महिला बाहर चस्पा की गई लिस्ट देखने के बाद बैरंग लौट गई। पेशी से मायूष लौटी महिला बाबुओं को कोस रही थी कि पहले से जानकारी होती तो 150 किलोमीटर मीटर का चक्कर नहीं लगाना पड़ता। इसी तरह अपर कमिश्नर कार्यालय के रीडर कक्ष में ताला लगा रहा। बाहर लिस्ट में अगली पेशी की तारीख चस्पा कर दी गई। हनुमना क्षेत्र के रामजस पेशी पर आए, उन्हें बताया गया कि छुट्टी है।

किराया खर्च कर पहुंचे पेशी पर, ताला देखकर लौटे
पक्षकार ने बताया कि पेशी पर आने से 200 रुपए किराया खर्च हुआ। 50 रुपए नास्ता को मिलाकर 250 रुपए खर्च हो गए, पहले से जानकारी होती तो नहीं आते। ये कहानी अकेले अपर कमिश्नर और राजस्व मण्डल के पक्षकारों की नहीं, बल्कि विभिन्न राजस्व न्यायालयों में एक हजार से ज्यादा पक्षकारों को बैरंग लौटना पड़ा।
एसएमएस व्यवस्था फेल, परेशान हो रहे पक्षकार
जिले के राजस्व न्यायालयों की पक्षकारों को मोबाइल पर पेशी की जानकारी के लिए एसएमएस भेजने की व्यवस्था फेल हो गई है। किसी भी पक्षकार के मोबाइल पर एसएमएस नहीं भेजा जा रहा है। उधर, हड़ताल के चलते आर्डर में लगी फाइलें भी प्रभावित हो गई हैं। पक्षकार परेशान हैं और अधिकारी तमाशबीन बने हैं।

अपर कलेक्टर बोले नहीं 15 दिन की पेशी बढ़ा दो...
कलेक्ट्रेट में करीब 2.10 बजे कई वकील पेशी पर पहुंचे तो अपर कलेक्टर कोर्ट के कर्मचारी ने अपर कलेक्टर से कहा साबह एक माह की पेशी लगा दंू, अपर कलेक्टर बीके पांडेय ने कहा नहीं 15 दिन की पेशी बढ़ा दो। वकीलों ने कहा कि आदेश में लगी फाइलों की पेशी 10 दिन की दो। अपर कलेक्टर निर्वाचन के काम से आगे बढ़ गए। उधर, कलेक्टर कार्यालय के बाबुओं के कक्ष में सन्नाटा पसरा हुआ है।