
Code of Conduct: Ban on social media group messaging
रीवा. सोशल मीडिया ने जीवन को आसान बनाया है तो नई समस्याएं भी खड़ी की है। हाल ही में एक शोध ने इंस्टाग्राम को सबसे खतरनाक सोशल ऐप माना है और कहां है कि इसके कारण बच्चों और युवाओं का स्वास्थ्य प्रभावित हो रहा है। शहर के मनोचिकित्सकों का भी कहना है कि आजकल सोशल मीडिया का प्रभाव लोगों की जिंदगी में जरूरत से ज्यादा पडऩे लगा है । कई शोधों के अनुसार लोकप्रिय सोशल मीडिया प्लेटफ ॉर्म इंस्टाग्राम के कारण बच्चों, युवाओं की सेहत बुरी तरह प्रभावित हो रही है । इसमें बच्चे एंजाइटी, डिसऑर्डर, डिप्रेशन, सिर दर्द, अनिद्रा कमजोर याददाश्त जैसी समस्याओं की चपेट में आ रहे हैं। सोशल मीडिया से प्रभावित होने वाले बच्चे और युवाओं की संख्या बढ़ती जा रही है। समय रहते बच्चों और युवाओं को सोशल मीडिया का इस्तेमाल कम कर देना चाहिए।
क्या कहता है ब्रिटेन का सर्वे
ब्रिटेन में हुए इस सर्वे में इंस्टाग्राम को दुनिया का सबसे खतरनाक सोशल ऐप बताया गया है । दूसरे नंबर पर स्नैपचैट तीसरे नंबर पर फेसबुक और चौथे नंबर पर ट्विटर आता है । यह ऐसे ऐप है जो बच्चों और युवाओं को घंटों अपने में उलझाएं रहते हैं। इस में तरह तरह के फ ीचर होने के चलते बच्चे, युवा अपने जरूरी काम को छोड़कर इंस्टाग्राम में ही लगे रहते हैं।
एडल्ट कंटेंट की भरमार
आइटी एक्सपर्ट डॉ. गोविंद सिंह का कहना है कि इंस्टाग्राम का इस्तेमाल करने से बच्चे की पहुंच उन चीजों तक भी हो रही है जिनसे आप उसे बचाना चाहते हैं। इंस्टाग्राम में पूरी दुनिया के लोग तस्वीरें और वीडियो शेयर करते हैं। इन तस्वीरों और वीडियो में बड़ी मात्रा में एडल्ट कंटेंट भी होता है। हैजटैक के जरिए आपका बच्चा आसानी से इन तस्वीरों और वीडियोस तक पहुंच सकता है । इसलिए वक्त रहते बच्चों को इंस्टाग्राम चलाने से रोके ।
खतरे को बुलावा
एक्सपर्ट का कहना है कि इंस्टाग्राम, फेसबुक इस्तेमाल करने वाले लोगों को अच्छी से अच्छी तस्वीरें अपलोड करने कि जल्दी लगी रहती है। वे सब चाहते हैं कि उनकी तस्वीरों को ज्यादा से ज्यादा लोग देखें और लाइक करें । बच्चे इन सोशल एेप्स की गिरफ्त में थोड़ा जल्दी आ जाते हैं । इंस्टाग्राम के लिए तस्वीरें इक_ी करने के लिए कई बार ऐसी हरकतें भी कर जाते हैं जो उनके लिए खतरनाक होती है । कई बार लोग गहरे पानी, पहाड़ों और ऊंची बिल्डिंग की छत की रेलिंग पर खड़े होकर सेल्फ ी लेने लगते हैं।
अजनबियों का खतरा
इंस्टाग्राम पर दुनिया के हर कोने से लोग होते हैं। यह लोग कैसे हैं इनकी पृष्ठभूमि क्या है । वह जो जानकारी दे रहे हैं वह सही भी है या नहीं । आपको इसका पता नहीं होता। ऐसे में आपके बच्चे व युवा गलत लोगों के संपर्क में आ सकते हैं। अगर वह इंस्टाग्राम इस्तेमाल करते हुए आपराधिक प्रवृत्ति के लोगों के संपर्क में आ जाए तो उनका भविष्य खराब हो सकता है ।
पढ़ाई से भटक रहे बच्चे
साइकोलॉजिस्ट डॉ. दिवाकर सिंह सिकरवार का कहना है कि जब बच्चा या किशोर इसका इस्तेमाल करने लगता है तो उसको इन इसकी बुरी लत लग जाती है । जिसके चलते वह अपना ध्यान और कहीं नहीं लगा पाता । इसकी वजह से पढ़ाई या अन्य गतिविधियों में उसकी रुचि कम से कम होती जाती है। यह लत उसे उज्जवल भविष्य के लिए एक समस्या है। यही नहीं अंजाने में वह बहुत सी बीमारियों को भी निमंत्रण दे रहे हैं। अनिद्रा, डिप्रेशन, एंजाइटी के शिकार बच्चों की संख्या हर साल बढ़ रही है।
समाज से करता है दूर
समाजशास्त्री डॉ. किरन सिंह का कहना है कि सोशल मीडिया वेबसाइटों पर दुनिया भर की जानकारी पड़ी होती है । इन्हीं जानकारियों को खंगालने से हमारा काफ ी वक्त गुजर जाता है । फ ौरन दोस्तों के स्टेटस पर लाइक और कमेंट पर अपनी आभासी मौजूदगी दर्ज करा देते हैं। मगर ऑनलाइन ज्यादा जुडऩे से हम असली दुनिया से दूर हो जाते हैं ।
Published on:
31 Jan 2019 07:18 pm
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