
Sliding on the highway
रीवा. बेमौसम बारिश के बाद अगर आप मनगवां-चाकघाट हाइवे पर सफर के लिए जा रहे हैं तो संभलकर जाएं, फिसलन इस कदर है कि जरा सी चूक पर कमर टूट जाएगी। गुरुवार की सुबह नेशनल हाइवे पर कुछ ऐसा ही नजारा रहा। बारिश के चलते हाइवे पर दिनभर फिसलन रही। सुबह से शाम तक कई ट्रकों के पहिए धंस गए, तो कई जगहों पर बाइक के पहिए जाम होने से राहगीर और वाहन चालकों को परेशान होना पड़ा। इतना ही नहीं हाइवे पर फिसल इस दर रही कि राहगीरों का पैदल चलना भी दुश्वार रहा।
फिसलन के चलते बेकाबू हुआ ट्रक
मनगवां-चाकघाट हाइवे पर सोहागी पहाड़ पर नागपुर से फल लेकर इलाहाबाद जा रहा ट्रक फिसलन के चलते बेकाबू हो गया। जैसे-जैस ट्रक चालक राजकिशोर स्टेयरिंग को संभालता कि ट्रक तिरछा हो गया। मौके पर पहुंचे लोगों ने आसपास से सूखी मुरुम डाला तो ट्रक गन्तव्य के लिए रवाना हुआ। काफी मशक्कत के बाद ट्रक को पटरी पर लाया गया। सुबह 9.30 बजे चाकघाट से मनगवां की ओर से आ रहा हाइवे जैसे ही गंगेव के निकट मनगवां की छोर में मढ़ी पहुंचा था कि पहिया धंस गया। प्रतापतगढ़ निवासी चालक जलील खान एक सीमेंट कंपनी में क्लिंकर लोड़ करने के लिए खाली ट्रक लेकर रीवा की ओर आ रहा था। गढ़ के आगे पहुंचा कि पहिया धंस गया। इस कई स्थानों पर ट्रक और कई छोटे वाहन फंसे थे। कई जगहों पर जाम की स्थित निर्मित हो गई थी। ये कहानी एक दो वाहनों की नहीं बल्कि गुरुवार की भोर से लेकर दोपहर बाद तक पूरे दिन हाइवे पर वाहन रेंगते रहे।
दादू! थोड़ का धक्का लगाई देई ...
दादू! थोड़ का धक्का लगाई देई...। हाईवे में इस तरह से वाहन चालक, बाइक सवार और साइकिल सवार तक राहगीरों से मदद मांगते रहे। मनगवां निवासी शिवकरन बाइक से अपनी मां को लेकर कटरा बाजार जा रहा था। जैसे ही वह गंगेव के आगे पहुंचे कि हाइवे पर फिसलन के चलते बाइक इधर-उधर भाग रही थी। कुछ दूर आगे बढऩे पर बाइक के अगले चक्के में मिट्टी फंस गई। राहगीरों की मदद से बाइक को पटरी पर ले गया, जैसे-तैसे मिट्टी निकालने के बाद आगे बढ़ा। गंगेव निवासी रिंकू पल्सर बाइक से इलाहाबाद जा रहा था। कलवारी मोड के आगे पहुंचा कि बाइक के अलगे के मडगाड में मिट्टी फंस गई। बाइक आगे नहीं बढ़ रही थी। लोहे के क्षण से मिट्टी निकालने की कोशिश कर रहा था।
निर्माणाधी वाहनों पर राहगीरों की हुई फजीहत
निर्माणाधीन हाईवे में कई स्थान पर मिट्टी डाल कर छोड़ दिया गया है, जिससे वाहन चालकों और राहगीरों को फजीहत हो रही है।
छह साल से हो रहा निर्माण
मनगवां-चाकघाट हाइवे का निर्माण पिछले छह साल से हो रहा है, अब तक यह चलने लायक नहीं बन पाई है। वर्ष 2012-13 से शुरू करीब पौने चार सौ करोड़ की योजना जिम्मेदारों की आपसी खींचतान में फंसी रही। लंबे समय से बाद जैसे-जैसे निर्माण शुरू भी कराया गया है, लेकिन बेतरबीत निर्माण कराया जा रहा है। जगह-जगह मुरुम डाल कर छोड़ दिया गया है। जिससे लोगों को परेशानी हो रही है।
Published on:
13 Apr 2018 04:44 pm
बड़ी खबरें
View Allरीवा
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
