7 नवंबर 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

रीवा में विंध्य महोत्सव के साथ शुरू होगा नाइट मार्केट

अप्रैल के प्रथम सप्ताह में आयोजित किया जाएगा विंध्य महोत्सव, विंध्य के विभिन्न विधाओं में पारंगत प्रतिभाओं को अपनी प्रतिभा दिखाने का मिलेगा मंच
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

रीवा

•

image

Manoj Kumar Singh

•

Updated: 20 Feb 2018, 12:02 AM IST

rewa

rewa

रीवा. विंध्य महोत्सव कार्यक्रम के साथ रीवा में नाइट मार्केट शुरू होगा। सोमवार को महोत्सव की तैयारी के लिए पहली बैठक आयोजित की गई। इसमें कलेक्टर प्रीति मैथिल ने व्यवस्थाओं को लेकर चर्चा की। महोत्सव का आयोजन इंजीनियरिंग कॉलेज मैदान में किया जाएगा, जहां विंध्य विरासत की झलक दिखेगी। स्थानीय कलाकारों, कवियों, नर्तकों, गायकों और लोक संगीत कलाकारों सहित विभिन्न विधाओं में पारंगत प्रतिभाओं को प्रतिभा दिखाने का अवसर मिलेगा।

कलेक्टर ने विंध्य महोत्सव की आयोजन समिति सहित अन्य उप-समितियों के गठन के निर्देश दिए। उन्होंने कहा, महोत्सव में स्वसहायता समूहों के उत्पाद के अतिरिक्त स्थानीय स्तर के तथा प्रदेश के अन्य जिलों के प्रसिद्ध स्व-उत्पादों को बिक्री के लिए प्रदर्शित किया जाएगा। जिला स्तरीय पुस्तक मेला भी लगेगा, जिसमें स्थानीय कवियों, लेखकों, साहित्यकारों की पुस्तकें उपलब्ध रहेंगी।

विंध्य के परंपरागत व्यंजनों के स्टाल भी लगाए जाएंगे। इसके अतिरिक्त व्यापारिक संगठन द्वारा अपने उत्पाद बिक्री के लिए प्रदर्शित किया जाएगा। कलेक्टर विन्ध्य महोत्सव के संबंध में अधिकारियों से सुझाव लिए। उन्होंने बताया कि रीवा में नाइट मार्केट की शुरूआत भी विन्ध्य महोत्सव आयोजन के साथ ही की जाएगी। बैठक में रीवा पर्यटन विकास परिषद में व्यय की जानकारी जिला ई.गवर्नेंस मैनेजर आशीष दुबे ने दी। इस दौरान आयुक्त नगर निगम सौरभ कुमार सुमन सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।

शिकायतों के निराकरण पर दिया बल
टीएल बैठक में जिला प्रशासन ने सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों के निराकरण पर जिम्मेदारों की नकेल कसी है। कलेक्टर ने कहा कि मुख्यमंत्री समाधान ऑनलाइन के प्रकरणों को विभागवार निराकरण किया जाए। सीएम हेल्पलाइन में एल-1, स्तर के अधिकारी अपने स्तर पर यथासंभव निराकरण करें तथा यह स्थिति न बने कि वह आगे लेवल तक जाय। यदि एल-2 व एल-3 स्तर में शिकायत पहुंचे तो भी उसके निराकरण के लिए आवश्यक पहल की जाए। इस दौरान किसानों के पंजीयन कराने का निर्देश दिया है।

समय-सीमा में भेजे जवाब
सीएम हेल्पलाइन, लोकायुक्त, मानव अधिकार आयोग, अनुसूचित जाति आयोग, अनुसूचित जनजाति आयोग, पिछड़ा वर्ग आयोग, विभिन्न मंत्रालयों, विभागाध्यक्षों एवं संभागायुक्त से प्राप्त पत्रों एवं शिकायतों का निराकरण अनिवार्य रूप से समय-सीमा में किया जाए। इसी प्रकार शिकायतों की जांच कर प्रतिवेदन भी समयावधि के अंदर भेजा जाए।