
वर्ष 2023 में रबी फसल का नुकसान देखने आए थे तत्कालीन सीएम। फाइल फोटो
बीना. फसल बीमा के नाम पर किसानों से हर वर्ष करोड़ों रुपए प्रीमियम के काटे जाते हैं, लेकिन फसल खराब होने पर जो बीमा राशि दी जाती है वह न के बराबर होती है। कुछ ऐसा ही बीमा कंपनी ने पिछले तीन वर्षों की आई बीमा राशि देने में किया है, जिससे किसान ठगा महसूस कर रहे हैं और आक्रोश बढ़ रहा है।
बीमा कंपनी ने रबी फसल 2023-24, 2024-25 और खरीफ 2024 की बीमा राशि दी है। इस बीमा राशि में सिरचौंपी के किसान उदय को 1250 रुपए आए हैं, जबकि उनकी प्रीमियम राशि 1350 रुपए काटी गई थी। इसके साथ ही देवल हल्का में वर्ष 2023-24 रबी फसल की बीमा राशि 8 किसानों को 208 रुपए आई है। यदि एक राशि आठ किसानों में बराबर बांटी जाए, तो 26 रुपए एक किसान को मिलेंगे। इसी तरह लखाहर हल्का के 29 किसानों को 5793 रुपए राशि आई है। खातों में आई राशि देखकर किसानों को गुस्सा बढ़ रहा हैं।
खरीफ का जमा हुआ था एक करोड़ से ज्यादा प्रीमियम
बीमा कंपनी से मिली जानकारी के अनुसार बीना क्षेत्र से खरीफ फसल 2024 का प्रीमियम 1 करोड़ 20 लाख रुपए जमा हुआ था। यह राशि करीब 25000 किसानों की थी और बीमा राशि 106 किसानों की 9 लाख 42 हजार 962 रुपए आई है।
किसानों में बढ़ रहा आक्रोश
बीमा राशि कम आने को लेकर किसानों में आक्रोश है और उग्र आंदोलन की तैयारी कर रहे हैं। किसानों का कहना है कि कंपनियां किसानों को लूट रही हैं और मालामाल हो रही हैं, वहीं किसान परेशान है। इस प्रकार का बीमा क्लेम मिलने से अच्छा है कि प्रीमियम राशि ही न काटी जाए।
इस आधार पर तय होता है बीमा
बीमा कंपनी एआइसी के डीआर सौरभ जैन ने बताया कि कृषि विभाग के अधिकारियों के साथ कंपनी के सर्वेयर चार बार फसल का सर्वे करते हैं। पहला बोवनी के समय, फिर करीब पंद्रह दिन बाद फसल उगने पर, तीसरा फसल में फूल आने पर और चौथा फसल पकने पर। साथ ही फसल कटाई प्रयोग होता है, जिसमें पांच वर्षों का उत्पादन देखा जाता है। इसके बाद नुकसान का आंकलन किया जाता है।
तीन वर्षों की इतनी आई राशि
वर्ष 2023-24 रबी फसल, 1500 किसान, 2038878 रुपए
वर्ष 2024-25 रबी फसल, 139 किसान, 297904 रुपए
वर्ष 2024, खरीफ फसल, 106 किसान, 942962 रुपए
Published on:
14 Aug 2025 12:21 pm
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