17 मार्च 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

शहर की यातायात व्यवस्था सुधारने नपाध्यक्ष ने एसडीएम से की चर्चा, कहा भारी वाहनों पर लगाया जाए प्रतिबंध

आए दिन हो रही हैं दुर्घटनाएं, दिन में भी नहीं की जा रही नो एंट्री, छोेटे वाहन चालक और पैदल चलने वाले होते हैं परेशान

less than 1 minute read
Google source verification

नपाध्यक्ष ने एसडीएम को दिया आवेदन

बीना. शहर की मुख्य सड़कों से निकल रहे भारी वाहनों के कारण शहरवासी परेशान हैं और इस मुद्दे को पत्रिका के माध्यम से लगातार उठाया जा रहा है। इसके बाद नगर पालिका अध्यक्ष लता सकवार ने एसडीएम देवेन्द्र प्रताप सिंह से चर्चा कर यातायात व्यवस्था में सुधार को लेकर चर्चा की और पत्र भी सौंपा है।
नपाध्यक्ष ने बताया कि शहर में की मुख्य सड़कों से दिन में भारी वाहन निकल रहे हैं, जिससे आए दिन दुर्घटनाएं होती हैं। साथ ही बड़े वाहनों के कारण शहर के तिराहों और चौराहों पर जाम लग जाता है। लगातार इसकी शिकायतें आ रही हैं, लेकिन कार्रवाई नहीं की जा रही है। उन्होंने भारी वाहनों का नगर में प्रवेश बंद कराकर वाहनों के मार्ग में परिवर्तन करने, शहर से निकलने वाली बस, जो कहीं पर भी रुक जाती हैं, जिससे जाम लगता है और दुर्घटनाओं की संभावना बनी रहती है, इसलिए बसों के रुकने के लिए स्थान तय किया जाए। उन्होंने चौराहा, तिराहों पर लगने वाले सब्जी की दुकानों को खुरई रोड, झांसी गेट, बाईपास स्थित ओवरब्रिज के नीचे शिफ्ट करने के लिए निर्देशित करें, जिससे शहरी क्षेत्र में होने वाली दुर्घटनाओं को रोका जा सके।

पूर्व में रहती थी शहर में नो एंट्री
कुछ वर्षों पूर्व तक सुबह 9 से रात 9 बजे तक शहर में भारी वाहनों की नो एंट्री रहती थी, लेकिन नईबस्ती वाला ब्रिज चालू होने के बाद अधिकारियों ने इस ओर ध्यान नहीं दिया और चौबीसों घंटें भारी वाहन शहर में दौड़ रहे हैं। जबकि पूर्व में कई लोग गंभीर घायल हुए हैं या फिर जान गंवा चुके हैं।