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Ayodhya Case में फैसले से पहले देवबंदी मौलानाओं ने की यह अपील, जानकर आप भी करेंगे गर्व- देखें वीडियो

Highlights Supreme Court जल्‍द सुनाएगा Ayodhya मामले पर फैसला मुस्लिमों से बोले- Supreme Court के फैसले को मानें कहा- फसाद करने की कोशिश करने वाले की सुचना तुरंत प्रशासन को दें

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Ayodhya ka faisla

सहारनपुर/देवबंद। अयोध्या (Ayodhya) मामले का फैसला जल्द आने वाला है। इसको लेकर जहां प्रशासन पूरी तरीके से मुस्तैद दिखाई दे रहा है, वहीं देवबंदी (Deoband) आलिमों ने सभी देशवासियों ओर खासतौर से मुस्लिम लोगों से यह अपील की है कि वे सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) के फैसले को मानें। कोई व्यक्ति अगर किसी तरह का फसाद करने की कोशिश करें तो उसकी सूचना तुरंत प्रशासन को दें। उन्होंने कहा कि वे तो पहले से यह कहते आ रहे हैं कि वे कोर्ट के फैसले को मानेंगे। जो भी कोर्ट का फैसला आएगा, वे उसका स्वागत करेंगे।

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लोगों से की यह अपील

देवबंदी आलिम मुफ्ती इसरार गोरा ने कहा कि अयोध्या के मामले में जल्‍द ही फैसला आने वाला है। उन्‍होंने कहा, मैं सभी लोगों से अपील करता हूं कि इस फैसले का स्‍वागत करें। हमने पहले भी कहा था और अब भी कह रहे हैं कि जो फैसला कोर्ट का होगा, वहीं मुसलमानों को मंजूर होगा। हमारे लिए कोर्ट माननीय है। मैं तमाम समुदायों के लोगों से अपील करता हूं कि कोर्ट का जो भी फैसला होगा, उसे कबूल करना हमारा फर्ज बनता है। खासतौर से मुसलमानों से भी अपील करता हूं कि कोर्ट का जो भी फैसला है, उसे कबूल करें और इत्मि‍नान से काम लें। जो मोहब्बत-प्यार हिंदुस्तान की एक पहचान है, वह कायम रहनी चाहिए। अगर कोई विवाद पैदा करने की कोशिश करे तो उसके बारे में प्रशासन को तुरंत जानकारी दें और माहौल को खराब न होने दें।

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'कोर्ट के फैसले को मानेंगे'

वहीं, इस मुद्दे पर देवबंदी आलिम मुफ्ती अहमद ने भी अपील की है कि सभी कोर्ट के फैसले को मानें और प्यार-मोहब्बत से रहने की बात कही है। उन्‍होंने कहा, मैं देश के तमाम मुसलमानों से अपील करना चाहूंगा कि देश का ऐतिहासिक फैसला आने वाला है। देश में प्यार-मोहब्बत बरकरार है। हिंदुस्तान एक ऐसा मुल्क है, जहां सबसे बड़ी जम्हूरियत है। इसकी हिफाजत करने की जिम्मेदारी तमाम लोगों की है। चाहे वह किसी भी मजहब का हो। सुप्रीम कोर्ट के फैसले का एहतराम करें और उसे दिल से मानने की कोशिश करें। यह प्यार-मोहब्बत हमारी धरोहर है।