सतना

परिंदों की कॉलोनी : यहां 700 सर्वसुविधायुक्त पक्के आवासों में रहेंगे पक्षी

सतना में तैयार किया गया मध्यप्रदेश का सबसे ऊंचा पक्षीघर दयोदय गौशाला में बनाया गया 60 फीट ऊंचा बर्ड टॉवर

2 min read
Sep 21, 2023

सतना। जैन समाज ने सामाजिक सहभागिता से जीव दया का अनुपम उदाहरण प्रस्तुत किया है। समाज द्वारा संचालित दयोदय गौशाला प्रक्षेत्र में पक्षियों की कॉलोनी बनाई गई है। इसमें पक्षियों के 700 पक्के आवास बनाए गए हैं जिसमें एक साथ 3000 पक्षी निवास कर सकेंगे। पक्षियों की प्रजातियों के संरक्षण के लिए तिघरा मोड़ के पास का शहर का पहला पक्षी टावर बनकर तैयार हो गया है। यह मध्यप्रदेश का सबसे ऊंचा पक्षी घर है। इसे करीब साढ़े 5 लाख रुपये की लागत में गुजरात के कारीगरों द्वारा तैयार किया गया है।

11 फीट गहरी नींव

ये भी पढ़ें

सतना में सरपंच को रिश्वत लेते पकड़ने पर लोकायुक्त टीम पर हमला

दयोदय गौशाला के अध्यक्ष अभिषेक जैन ने बताया कि लगभग 2महीने में यह टावर बन कर तैयार हो चुका है। इसे गुजरात सिद्धपुर के विशेषज्ञ रावल बंधुओं ने तैयार किया है। जमीन से टॉवर की कुल ऊंचाई लगभग 60 फीट है। 6 मंजिल के इस पक्षीघर के लिये जमीन से 11 फीट नीचे से नींव तैयार की गई है। इसके बाद सतह से 10 फीट ऊपर तक कॉलम तैयार किया गया है। जिसके बाद पक्षियों के रहने के लिये मंजिल का निर्माण किया गया है। एक घोसले में 4 से 6 पक्षी रह सकते हैं। हर मंजिल पर 250 से 300 के करीब पक्षियों के रहने की व्यवस्था होगी।

तापमान सर्दी व गर्मियों के अनुकूल

यह पक्षी टावर पक्षियों को बारिश, तूफान, गर्मी व सर्दी से बचाने के लिए बहुत मददगार साबित होगा। इसका निर्माण गुजरात से आई सामग्री व मजदूरों के सहयोग से किया गया है। इस पक्षी टावर की खासियत यह भी है कि विशेष मैटेरियल तैयार ब्लॉक गुजरात से ही यहां लाया गया है। फिर यहां असेंबल कर इसे सीमेंट से जोड़ कर टावर तैयार किया गया है। इसकी खासियत यह है कि इसके अंदर का तापमान सर्दी व गर्मियों के अनुकूल रहता है। टॉवर में पक्षी आकर्षित हों इसके लिए सबसे ऊपर एक घूमने वाला मोर लगाया गया है।

भोजन पानी का इंतजाम

अभिषेक ने बताया कि टावर के पास ही पक्षियों को दाना डालने के लिए एक बड़ा चबूतरा बनवाया जा रहा है। यहां पर पक्षी दाना चुगने के बाद अपने आशियाने में रहने चले जाएंगे। इसी के पास एक कम गहराई की टंकी बनाई जा रही है। जहां पक्षी आसानी से पानी पी सकेंगे। उन्होंने कहा कि जिस तरीके से सीमेंट कांक्रीट के जंगल तैयार करने और विभिन्न निर्माण कार्यों के लिए पेड़ काटे जा रहे हैं उससे पक्षियों के उपयोगी आशियाने की जगह कम होती जा रही है। उसे लेकर यह एक संबल प्रयास किया गया है।

स्वीमिंग पूल भी बनेगा

अभिषेक ने बताया कि कई पक्षियों को पानी में नहाना अच्छा लगता है। ऐसी प्रजातियों को ध्यान में रखते हुए समीप ही एक और टंकी बनाई जा रही है जो उनके लिये स्वीमिंग पूल का काम करेगी। कुल मिलाकर पक्षियों के लिए शानदार सर्वसुविधायुक्त आवासीय कॉलोनी का निर्माण शीघ्र पूरा हो जाएगा। हालांकि अभी टॉवर में ही कुछ एक पक्षियों ने अपने घोसले बनाने शुरू कर दिए हैं।

ये भी पढ़ें

सतना : घूस लेते रंगे हाथ पकड़ा गया सरपंच

Updated on:
21 Sept 2023 10:44 am
Published on:
21 Sept 2023 10:32 am
Also Read
View All

अगली खबर