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स्वच्छता सर्वेक्षण: परीक्षा की तैयारी में रातभर जगा निगम

24 घंटे में 150 किमी. नालियां साफ, 300 किमी. सड़क में फिरी झाड़ू  

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satna Cleanliness survey 2018

satna Cleanliness survey 2018

सतना. स्वच्छता सर्वेक्षण-2018 के तहत नगर निगम प्रशासन द्वारा शहर में चलाए जा रहे सफाई अभियान की परीक्षा आज से शुरू होगी। परीक्षा की आखिरी तैयारी के लिए निगम प्रशासन रातभर जगा। निगमायुक्त प्रतिभा पाल ने स्वच्छता कार्य की जिम्मेदारी संभाल रहे अधिकारियों की बैठक लेकर सर्वे में अधिक से अधिक अंक पाने अंतिम रणनीति तय की। तय कार्ययोजना के अनुसार निगम के सफाई कर्मचारी आधी रात तक शहर की सफाई व्यवस्था में जुटे रहे। अल सुबह चार बजे से पूरा निगम प्रशासन एक बार फिर सड़क पर उतर आया। गुरुवार को एक बार फिर प्रमुख मार्गों सहित कॉलोनियों की सड़कों की सफाई कराई गई।


कॉलोनियों में घूमते रहे
अधिकारी कॉलोनियों में घूमकर गंदे स्थान चिह्नित करते रहे और सफाई कर्मचारी उसकी सफाई कर शहर का कचरा उठाने में जुटे रहे। स्वच्छता सर्वेक्षण में शहर को देश का नंबर वन बनाने में जुटा निगम प्रशासन कितनी मशक्कत कर रहा है, इसका अंदाजा इससे लगाया जा सकता है कि बीते २४ घंटे में शहर की 150 किमी. से अधिक नालियों की सफाई कर गंदगी मुक्त किया गया। सफाई कर्मचारियों ने 300 किमी. से अधिक सड़कों पर झाड़ू लगाया। खाली प्लॉटों में डंप कचरे की सफाई कराई।


असल परीक्षा आज से
तीन माह से स्वच्छता सर्वेक्षण की तैयारी में जुटे नगर निगम की सफाई व्यवस्था की असल परीक्षा शुक्रवार को तब शुरू होगी जब केंद्रीय स्वच्छता सर्वेक्षण टीम सफाई का जायजा लेने सड़क पर उतरेगी। निगम प्रशासन ने अपनी तरफ से सर्वे के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली है। अब 1400 के लिए स्वच्छता परीक्षा जनता को देनी है। यदि स्वच्छता सर्वेक्षण के दौरान अगले दो दिन शहर की जनता ने जागरुकता का परिचय देते हुए शहर को स्वच्छ रखने में निगम प्रशासन का सहयोग किया और कचरा सड़क पर नहीं फेंका तो शहर टॉप कर सकता है।


निगमायुक्त ने मांगा जनसहयोग
निगमायुक्त ने गुरुवार को शहर के चारों जोन का भ्रमण कर सफाई व्यवस्था का जायजा लिया। उन्होंने शहर की जनता से स्वच्छता सर्वे के दौरान सहयोग की अपील की। उनका कहना है कि निगम प्रशासन शहर को स्वच्छ बनाने हर संभव प्रयास कर रहा है। बिना जनसहयोग के शहर स्वच्छ नहीं हो सकता। इसलिए घरों से निकला कचरा सड़क व नाली में न फेंकें और न दूसरों को फेंकने दें। कचरा डोर टु डोर वाहन या डस्टबिन में ही डालें।