
satna medical college: demonstration for medical college in satna
सतना। केंद्र सरकार द्वारा चैलेंज मोड के तहत सतना, छतरपुर, दमोह और पन्ना में से किसी एक स्थल पर मेडिकल कॉलेज खोलना है। इसके लिए चिकित्सा शिक्षा मंत्रालय के अपर सचिव एसएन परमार ने सभी जिलों के कलेक्टरों से 4 बिंदु की जानकारी तलब की थी।
सोमवार को कलेक्टर मुकेश कुमार शुक्ला ने चाही गई जानकारी चिकित्सा शिक्षा विभाग को भेज दी है। इसमें जिला अस्पताल की 988 मरीजों की औसत ओपीडी बताते हुए कालेज के लिए ३८.७२ एकड़ जमीन अतिक्रमण रहित आरक्षित होना बताया है।
चिकित्सा शिक्षा मंत्रालय से प्रस्ताव चाहा गया
जानकारी के अनुसार, केन्द्र सरकार ने मध्यप्रदेश के चार जिलों सतना, पन्ना, छतरपुर और दमोह में से किसी एक जिले में चैलेंज मोड के तहत मेडिकल कॉलेज खोलने का निर्णय लिया है। इसके लिए मध्यप्रदेश के चिकित्सा शिक्षा मंत्रालय से प्रस्ताव चाहा गया था।
चार बिंदु की जानकारी तलब
इसके म²ेनजर मंत्रालय के अपर सचिव एसएन परमार ने 20 फरवरी को सभी चारों जिलों के कलेक्टरों को पत्र लिख कर चार बिंदु की जानकारी तलब की थी। इस पर सतना कलेक्टर मुकेश शुक्ला ने सोमवार वांछित जानकारी मंत्रालय को भेज दी है।
38 एकड़ जमीन, पानी
कलेक्टर मुकेश शुक्ला ने चिकित्सा शिक्षा मंत्रालय को बताया है कि रघुराजनगर तहसील के मौजा कृपालपुर में नगर पालिक निगम के वार्ड क्रमांक 17 में मेडिकल कालेज के लिए जमीन आरक्षित की गई है। आराजी नंबर 131/1 रकबा 4.423 हेक्टेयर, आराजी नंबर 132/1 रकबा 5.512 हेक्टेयर, आराजी नंबर 133/1 रकबा 5.747 हेक्टेयर कुल रकबा 15.682 हेक्टेयर (38.72 एकड़) मेडिकल कालेज निर्माण के लिए सुरक्षित है। यह आराजी शहरी क्षेत्र के अंदर राजमार्ग से 1 किमी की दूरी पर है। हवाई अड्डे से इसकी दूरी लगभग दो किमी तथा रेलवे स्टेशन से लगभग 7 किमी दूर है। इस जमीन के लिए पेयजल आपूर्ति के लिये मुख्य जलस्रोत एनीकट रहेगा।
प्रभारी मंत्री का घेराव, रोकेंगे रेल
समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष राजेश दुबे ने कहा कि सतना में शीघ्र मेडिकल कॉलेज खोलने की घोषणा नहीं की गई तो तहसील स्तर पर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। जिले की सभी जनपद पंचायत और ग्राम पंचायतों से प्रस्ताव कराए जाएंगे। कलेक्ट्रेट का घेराव, प्रभारी मंत्री का घेराव, रेल रोको आंदोलन किया जाएगा।
पत्र लिखेंगे मंडल अध्यक्ष
भाजपा के मंडल अध्यक्ष जिले में मेडिकल कॉलेज की मांग के लिए समर्थन पत्र लिखेंगे। पत्र राज्य व केंद्र सरकार को लिखा जाएगा। उसमें साफ तौर पर मेडिकल कॉलेज की मांग की जाएगी। यह निर्णय भाजपा की समयदानी बैठक के दौरान हुआ। जिलाध्यक्ष नरेंद्र त्रिपाठी ने विषय को रखा। इस पर सभी ने समर्थन दिया। बताया गया कि बैठक में जिलाध्यक्ष ने जिले के सभी मंडल अध्यक्षों से आग्रह किया कि वे राज्य शासन और केन्द्र शासन को जिले में मेडिकल कॉलेज की स्थापना के लिए अपनी तरफ से समर्थन पत्र लिखें। उसमें मेडिकल कॉलेज की मांग करेें। बैठक में सभी ने एक स्वर में सतना में मेडिकल कॉलेज की मांग की।
भारत पेंशनर समाज
जिलाध्यक्ष हरिप्रकाश गोस्वामी के नेतृत्व में मेडिकल कॉलेज खोलने का ज्ञापन सौंपा गया। इसमें बताया गया कि सतना मेडिकल कॉलेज के सभी मापदंड पूरे करता है। इस कारण मेडिकल कॉलेज पर हमारा हक है। इस दौरान केपी सिंह परिहार, आरसी दबे, बीरसिंह बघेल, प्रो. आरके श्रीवास्तव, आरएन त्रिपाठी, डॉ आरएस त्रिपाठी, सूर्यवली त्रिपाठी, रामलोटन मिश्रा, सुरेश प्रसाद त्रिपाठी, रामप्रकाश मिश्रा, आरपी गर्ग, रणबीर सिंह, डॉ. तुलसीदास उर्मलिया सहित सैकड़ों लोग मौजूद रहे।
अधिवक्ता संघ ने सौंपा ज्ञापन
संघर्ष समिति द्वारा मेडिकल कॉलेज की मांग को लेकर चलाया जा रहा अभियान अब आंदोलन का रूप लेता जा रहा है। जिले के विभिन्न राजनीतिक दल, सामाजिक, व्यापारिक, छात्र और कर्मचारी संगठन मैदान में आ गए हैं। जिले के विभिन्न छात्र संगठन मंगलवार को संयुक्त रूप से कलेक्टर को ज्ञापन सौंपेंगे। उधर, जिला अधिवक्ता संघ ने सोमवार को प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री सहित केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री के नाम ज्ञापन जिला प्रशासन को सौंपा। इस दौरान अनूप शक्ला, विवेक द्विवेदी, राजीव खरे, अनिल शुक्ला, श्रीकृष्ण गर्ग, अभिषेक सिंह, पीके गर्ग, कौशल शर्मा, आरती गर्ग, शालिकराम विश्वकर्मा, कौशलेन्द्र गौतम, शैलेन्द्र यादव सहित बड़ी संख्या अधिवक्ता मौजूद रहे।
इधर, 50 हजार से अधिक हस्ताक्षर
इधर,ग्राम अतरबेदिया के शुभेंद्र पाण्डेय द्वारा चलाए जा रहे हस्ताक्षर अभियान में 50 हजार से अधिक लोगों ने मेडिकल कॉलेज की मांग का समर्थन किया है। अमौंधा, सोहावल मोड़, रैगांव मोड़, सितपुरा, बरेठिया, नागौद के सिंहपुर चौराहे, बस स्टैंड नागौद में कैम्प लगाया गया।
आप भी मैदान में...
आम आदमी पार्टी जिला इकाई सतना के प्रतिनिधि मंडल ने पीएम, केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री, सीएम व मध्यप्रदेश शासन को संबोधित ज्ञापन कलेक्टर को सौंपा। ज्ञापन सौंपने के दौरान लोकसभा प्रभारी शैलेन्द्र मोहन खरे, जिला सचिव डॉ. अमित सिंह सहित अन्य मौजूद रहे।
1240ओपीडी पीक माह में
जिला अस्पताल सतना की वर्ष 2017 की प्रतिदिन की औसत ओपीडी 988 मरीज एवं आईपीडी में नए भर्ती मरीज की सख्या 150 है। कुल भर्ती मरीजों की संख्या 450 से 550 रहती है। पीक माह में ओपीडी का प्रतिदिन 1240 तथा आईपीडी में प्रतिदिन भर्ती होने वाली मरीजों की संख्या 200 व भर्ती कुल मरीजों की संख्या 560-600 तक हो जाती है।
700 बेड तक की क्षमता
कलेक्टर ने अपनी रिपोर्ट में बताया है कि सतना जिला अस्पताल में वर्तमान में 400 बेड स्वीकृत है। यह अस्पताल अभी 300 बेड तक विस्तार होने की क्षमता रखता है।
Published on:
27 Feb 2018 11:49 am
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