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सतना वार्ड क्रमांक-17: 12.5 एकड़ जमीन पर गिद्ध दृष्टि, रहवासियों को पार्क का इंतजार

जगजीवन वार्ड के लोगों का नहीं सुधरा जीवन, पानी की किल्लत सबसे बड़ी परेशानी

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Satna Nagar Nigam Ward No. 17 news in hindi

Satna Nagar Nigam Ward No. 17 news in hindi

सतना। वार्ड क्रमांक-17 पर आज तक शहर सरकार की नजर नहीं पड़ी। यहां शासन की साढ़े 12 एकड़ जमीन रिक्त पड़ी है। उस पर नगर सरकार का ध्यान नहीं है। इसके पहले सरकार की आराजी को कई बार कब्जाने की कोशिश की जा चुकी है। लेकिन, स्थानीय लोगों के विरोध के चलते कारोबारियों के मंसूबे सफल नहीं हुए। वार्ड पार्षद और रहवासियों ने सामुदायिक भवन और पार्क बनाने के लिए कई मर्तबा निगम प्रशासन से पत्राचार किया गया।

नतीजा सिफर रहा। वार्डवासियों की मांग है, शासन की इस आराजी पर विकास कार्य जल्द से जल्द होना चाहिए। जगजीवन के नाम से विख्यात इस वार्ड में रामटेकरी, अरविंद नगर, दैजवार, राजीव नगर, हनुमान नगर, ट्रांसपोर्ट नगर की बस्ती शामिल है। यहां संसाधनों का अभाव है।

चार गलियों तक ही पुरानी लाइन
लगभग साढ़े छह हजार से ज्यादा की आबादी वाले इस क्षेत्र में पानी का संकट है। इधर-उधर पेयजल के लिए रहवासी भटकते दिखाई पड़ते हैं। बस्ती में कुल चार गलियों में पुरानी लाइन बिछी है। अमृत योजना के तहत सिर्फ रामटेकरी में पाइपलाइन बिछाने का कार्य किया गया है। वहां कनेक्शन भी अब तक नहीं दिया गया। हैंडपंप और बोर के दम पर समूचा वार्ड पानी भरता है। किसी को दो डिब्बा तो किसी को एक भी डिब्बा पानी नसीब नहीं होता। १५२ करोड़ की लागत से परवान चढ़ी जलावर्धन और अमृत योजना बेमानी साबित हो रही है।

गुणवत्ताविहीन कार्यों का अंबार
क्षेत्र की कई बस्तियों में सड़क, नाली का गुणवत्ता विहीन कार्य करवाया गया। तंग गलियों में भारी वाहन न चलने के बाद भी सड़कें उखड़ गईं। नालियों का किनारा टूटकर इधर-उधर बिखरा पड़ा है। कहीं-कहीं पक्की नाली का निर्माण कार्य भी नहीं करवाया गया। वार्ड में अब तक एक भी पार्क व सामुदायिक भवन नहीं बना है। सीवर लाइन भी अब तक यहां अपनी आमद दर्ज करवाने में नाकामयाब रही है। महीनों से नाली की सफाई नहीं हुई।

हकीकत
- वार्ड क्रमांक-17
- वार्ड नाम- जगजीवन
- जनसंख्या 6763
- अजा जनसंख्या 1366
- अजजा जनसंख्या 297
- मतदाता 2213
- पुरुष 1230
- महिला 983

योजना के हाल
- पीएम मकान बनाने के आवेदनकर्ता 140
- उतैली, कृपालपुर में बने मकान के लिए आवेदनकर्ता 40
- व्यक्तिगत शौचालय बने 150
- शेष बकाया 100
- क्षेत्र: रामटेकरी, अरविंद नगर, दैजवार, राजीव नगर, हनुमान नगर, ट्रांसपोर्ट नगर।

नगर निगम में गुटबाजी के चलते हमारे वार्ड का विकास रुका है। मनमाने तौर पर पैसा खर्च किया जाता है। मेरे वार्ड में यदि मेरे सुझाव अनुसार काम करवाया जाता तो शायद हालत सुधरी होती। मैं अपने वार्ड में हुए कार्य से असंतुष्ट हूं।
गंगा कुशवाहा, पार्षद

वार्ड के लोग पेयजल के लिए दूर तक जाते हैं। पेयजल की सुविधा हम लोगों के लिए नहीं है। कई बार कहा गया लेकिन कोई सुनने वाला नहीं है।
राजेश नामदेव

मूलभूत समस्या से जूझ रहे वार्डवासियों की कोई सुनने वाला नहीं है। वार्ड में कई जगह पेयजल की सुविधा आम जनता ने कराई है, लेकिन पार्षद ने कुछ नहीं किया गया।
ज्ञानेंद्र द्विवेदी

नालियां भरी पड़ी हैं। कहा जाता है कि हमारा देश स्वच्छ हो रहा है। हमारे मोहल्ले की नालियां साफ नहीं हो रहीं। पेयजल के लिए हम लोगों का हैंडपंप सहारा है।
सुषमा मिश्रा

पेयजल की समस्या गर्मी में अधिक बढ़ जाती है। पेयजल की सुविधा के लिए कुछ भी नहीं किया गया है। सफाईकर्मियों ने यहां आना बंद कर दिया है।
सुभाष कुशवाहा

पेयजल के लिए नई पाइपलाइन भी पूरी तरह से नहीं पड़ी है। कहते थे कि इस गर्मी में सभी को पानी मिलेगा लेकिन कुछ भी नहीं हुआ है। आज पेयजल के लिए लोग दूसरे वार्ड जा रहे हंै।
प्रदीप तिवारी

वार्ड में एक भी पार्क नहीं है। वहीं शहर के कुछ वार्डों में कई पार्क हंै। वार्ड में सरकारी जमीन होने के बाद भी पार्क के लिए कुछ कार्य नहीं किया गया है।
ज्वाला प्रसाद गौतम

पेयजल के लिए वार्ड में हेंडपंपों की संख्या कम है। गर्मी आते ही पेयजल की समस्या बढ़ जाती है। कई बार समस्या को लेकर कहा गया, लेकिन कुछ भी नहीं हुआ।
रोहित सिंह परिहार

सफाईकर्मी वार्ड में दिखते ही नहीं हैं। नालियों का कचरा न निकलने के कारण मोहल्ले वालों को दिक्कत होती है। साफ-सफाई नियमित होनी चाहिए।
महेश वर्मा

वार्ड के विकास के लिए काम हुआ नहीं है। वार्ड की मूलभूत समस्याओं का हल न होने के कारण आम जनता की दिक्कतें बढ़ी है। रात में कई इलाकों में अंधेरा रहता है।
महेश वर्मा

वार्ड के कई मार्गों पर अतिक्रमण होने के कारण आम जनता को परेशानी होती है। समस्या के निदान के लिए कोई बोलने वाला नहीं है। जो बोलता है उसे विरोधी की नजर से देखा जाता है।
मुकेश सतनामी

पेयजल के लिए घर के लोगों को सुबह से परेशान होना पड़ता है। वार्ड में पेयजल व नाली की सफाई को लेकर काम में कोई कार्ययोजना नहीं है।
रामविलास चौधरी