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सवाईमाधोपुर। रणथम्भौर में एक बार फिर नन्हें शावकों की किलकारी गूंजी है। प्रसिद्ध बाघिन सुल्ताना ने एक बार फिर से शावकों को जन्म दिया है। बाघिन शुक्रवार सुबह गौमुखी के पास मिश्रदर्रा और अटल सागर के ऊपर की ओर दो शावकों को शिफ्ट करते नजर आई है। इसके साथ ही रणथम्भौर में बाघों का कुनबा बढ़ गया है।
वन विभाग से मिली जानकारी के अनुसार बाघिन सुल्ताना की उम्र दस साल के आसपास है। बाघिन पांचवीं बार मां बनी है। हालांकि इनमें से दो बार के लिटर से हुए शावक लापता हो गए थे और इनमें से एक बार एक शावक अटल सागर में गिर गया था और बाद में मगरमच्छ ने उस शावक को अपना शिकार बना लिया था ।
वन अधिकारियों ने बताया कि बाघिन सुल्ताना शुक्रवार सुबह करीब साढ़े आठ बजे त्रिनेत्र गणेश मंदिर मार्ग पर गौमुखी के पास शावकों को शिफ्ट करती नजर आई थी। बाघिन के शावकों को शिफ्ट करते नजर आने के बाद वन विभाग अलर्ट मोड पर है। विभाग की ओर से बाघिन और शावकों की लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है। उपवन संरक्षक मानस सिंह व एसीएफ महेश शर्मा स्वयं मॉनिटरिंग में जुटे हुए हैं। गणेश मंदिर मार्ग पर गश्त बढ़ा दी गई है, ताकि किसी भी प्रकार की कोई अनहोनी ना हो।
एहतियात के तौर पर वन विभाग की ओर से त्रिनेत्र गणेश मंदिर मार्ग पर कुछ समय के लिए वाहनों की आवाजाही पर रोक लगा दी गई। बाघिन की ओर से शावकों को सुरक्षित शिफ्ट करने के बाद ही वन विभाग की ओर से एक बार फिर से मार्ग पर वाहनों की आवाजाही शुरू की गई।
त्रिनेत्र गणेश मंदिर मार्ग पर गौमुखी के पास बाघिन सुल्ताना दो शावकों को शिफ्ट करती नजर आई है। वन विभाग की ओर से बाघिन और शावकों की लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है।
मानस सिंह, उपवन संरक्षक, रणथम्भौर बाघ परियोजना, सवाईमाधोपुर
Updated on:
19 Dec 2025 05:53 pm
Published on:
19 Dec 2025 05:53 pm
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