जिले में सभी पात्र हितग्राहियों का ई-केवायसी कराने के लिए प्रशासन की तरफ से पूरी ताकत लगाई जा रही है। पहले कलेक्टर ने ग्राम पंचायत स्तर पर कैंप लगाकर पात्र हितग्राहियों के ई-केवायसी कराए। इसके बाद मैदानी अमले को घर-घर भेजकर ई-केवायसी कराने के निर्देश दिए। ग्रामीण क्षेत्र में मैदानी अमला ई-केवायसी के लिए पीओएस मशीन लेकर घर-घर दस्तक दे रहा है, इसके बाद भी जिले में अभी करीब एक लाख हितग्राहियों का ई-केवायसी नहीं हो सकता है। इस हिसाब से एक जून से जिले में इन हितग्राहियों का राशन बंद हो जाएगा।