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…जब हैंडपंपों ने गंदा और मटमैला पानी उगलना शुरू किया

वार्ड ३१ में सीवेज लाइन के चैंबर को नहीं बनाया गया था ठीक प्रकार से, शिकायत पर पहुंचीं नपा की इंजीनियर टीम, वार्ड ३१ और २१ में मिली थी शिकायत

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water supply problem in suratgarh thermal

water supply problem in suratgarh thermal

सीहोर. भीषण गर्मी के समय में जब लोग एक-एक बाल्टी पानी के लिए मशक्कत करने पर मजबूर हो रहे हैं। ऐसे समय वार्ड 31 में आने वाले जमशेद नगर के अधिकांश हैंडपंपों, कुओं में गंदा, बदबूदार और झाग वाला पानी आने लगा तो नागरिक हैरत में पड़ गए। इसी तरह की शिकायत वार्ड २१ में आई, वहां भी हैंडपंपों में गंदा, मटमैला पानी आ रहा था।

नागरिकों की शिकायत पर नपा के इंजीनियरों की टीम ने दोनों जगह का निरीक्षण किया।एक जगह सीवेज लाइन के चैंबर के ठीक नहीं बनाए जाने की बात सामने आई है। वहीं दूसरी जगह गड्ढा खोदकर सीवेज का पानी भरा जा रहा था।

वार्ड क्रंमाक 31 की पार्षद तबस्सुम शफीक खान ने बताया कि वार्ड के जमशेद नगर में नागरिकों के लिए एक मात्र सहारा यहां स्थित हैंडपंप है। इस हैंडपंप मे पिछले चार-पांच दिन से गंदा पानी आ रहा है। इसी तरह की स्थिति जमशेदनगर के तीन सरकारी हैंडपंप, बीस ट्यूबवेल, एक कुआ और एक बावड़ी में देखी जा रही है।

उन्होंने आरोप लगाया कि हैंडपंप और बोरिंग में गंदा पानी आने का प्रमुख कारण फिल्टर प्लांट अभी पूर्ण रुप से तैयार भी नहीं हुआ है और विगत 5 दिनों से क्षेत्र में सीवेज के कनेक्शन जोड़े जाने का कार्य क्षेत्र में किया गया है। सीवेज का चैंबर भी ठीक प्रकार से नहीं बनाया गया है।इसके कारण घरों का गंदा पानी एकत्रित होकर सरकारी हैंडपंपों के साथ ट्यूबवेलों, जलस्त्रोतों में पहुंच रहा है।

गर्मी के मौसम में पेयजल के लिए हो रहे परेशान
क्षेत्रवासियों ने बताया कि गर्मी के मौसम में वैसे ही पानी की समस्या है।ऐसी स्थिति में क्षेत्र में पानी की परेशानी उत्पन्न हो रही है। सरकारी हैंडपंपों के अलावा निजी ट्यूबवेल में गंदा, मटमैला पानी आने के कारण एक-एक बाल्टी पानी के लिए परेशान होना पड़ रहा है। कई लोग टैंकरों से पानी खरीदने मजबूर हो रहे हैं। पार्षद ने क्षेत्रवासियों के स्वास्थ्य हित में चिंता जताते हुए कहा है कि यदि पानी के उपयोग करने से कोई भी नागरिक बीमार होने से इंकार नहीं किया जा सकता है।

लोगों की शिकायत पर पहुंची नपा की इंजीनियर टीम
लोगों की शिकायत पर नपा की इंजीनियर नीलम रजक के साथ पहुंचीं और हैंडपंपों और जलस्त्रोतों की जानकारी ली।उन्होंने सीवेज के चैंबर सहित अन्य जल स्त्रोतों का निरीक्षण किया।नपा की इंजीनियर ने बताया कि अचानक हैंडपंपों में गंदा और मटमैला पानी आने के कारणों की जांच की जा रही है। इसकी रिपोर्ट नपा को बनाकर दी जाएगी। इसी तरह वार्ड २१ में हैंडपंपों में गंदा पानी आने की शिकायत लोगों ने की थी। यहां भी नपा की टीम ने निरीक्षण किया गया।

खुले गड्ढे में सीवेज का पानी छोडऩे पर थमाया एक लाख का नोटिस
नपा सीएमओ सुधीर कुमार सिंह ने बताया कि वार्ड ३१ में सीवेज के चैंबर को ठीक प्रकार से नहीं बनाए जाने की जानकारी सामने आई है।सीवेज कंपनी को दोबारा चैंबर बनाने का कहा गया है। इसी तरह वार्ड २१ में एक स्थान पर खुले गड्ढे में सीवेज का पानी छोड़ा जा रहा था। जिसमें एक कॉलोनाइजर का नाम आ रहा है। जिसे एक लाख रुपए का नोटिस थमाया जा रहा है।