
Monsoon News :मध्यप्रदेश के आदिवासी बाहुल्य शहर शहडोल में खतरे के बादल मंडरा रहे है। यहां नगर पालिका की लापरवाही और लगातार हो रही बरसात के कारण सरफा बांध को क्षति पहुंची है जिसे शहडोल का मुख्य जल श्रोत माना जाता है। कुछ दिन भारी बरसात के कारण बांध के 7 स्तंभ टूट गए जिसे काफी ज्यादा मात्रा में पानी बाहर निकल गया।
शहडोल में बरसात का लगातार कहर जारी है। यहां बरसात के कारण गांव डूब रहे है और लोगों का जीवन तीतर-बितर हो चूका है। कई गांवों के जिला मुख्यालय से संपर्क टूट चुके हैं। बहुत से गांव में बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो चुकी है, जहां पर प्रशासन द्वारा हाई अलर्ट भी जारी किया जा चुका है। हालांकि, इतने संकटों के बावजूद नगर पालिका की लापरवाही से अत्यधिक पानी होने के कारण स्थानीय परेशान है, वहीँ दूसरी तरफ उनपर जल संकट के बादल भी मंडरा रहे है।
आपको बता दें कि, करीब भारी बरसात के कारण शहडोल के सरफा बांध के 7 स्तंभ टूट गए थे, जिससे बांध का पानी तेजी से खत्म हो गया। यहां तक कि बांध में पानी स्तर अपनी न्यूनतम जल क्षमता मार्क से नीचे आ चूका है। बांध का पानी खत्म होने के बाद जो गंदगी पानी के अंदर थी वह अब पानी के खत्म होने का बाद दिखाई दे रही है। इतने बिगड़े हालातों के बावजूद नगर पालिका प्रशासन की तरफ से कोई भी कड़ा कदम अब तक नहीं उठाया गया है। शहडोल शहर में पानी की दिक्कत हो रही है। हालत तो यह हो रहे है कि अब शहर में टैंकर के माध्यम से पानी की पूर्ति की जा रही है। यही नहीं, पानी के खत्म होने के बाद उभरी गंदगी से डेंगू, मलेरिया, टाइफाइड जैसी बिमारियों का खतरा भी बढ़ गया है। इन सब दिक्कतों पर नगर पालिका ने अपनी आँखें मूंद ली है।
Published on:
15 Sept 2024 01:24 pm
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