
Video: फतेहपुर में उमड़ा श्रद्धा और आस्था का महासैलाब
फतेहपुर. कस्बे में शुक्रवार को नगर अराध्यदेव भगवान लक्ष्मीनाथ मंदिर का 493वां विराट महोत्सव धूमधाम से मनाया गया। इस दौरान भगवान लक्ष्मीनाथ शाही लवाजमे के साथ नगर भ्रमण पर निकले। इस शोभायात्रा में करीब 20 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने भाग लिया। सुबह आठ बजे शोभायात्रा गढ़ परिसर से शुरू हुई जो कस्बे के मुख्य मार्गों से होकर लक्ष्मीनाथ मंदिर में दोपहर एक बजे संपन्न हुई। शोभायात्रा ने चार किमी का सफर पांच घंटे में तय किया। सैकड़ों स्थानों पर शोभायात्रा में शामिल श्रद्धालुओं के लिए लोगों ने ठंडा पेय, शीतल जल, फल, मिठाइयां की व्यवस्था कर रखी थी। साथ ही शोभायात्रा पर लगातार पुष्पवर्षा की जा रही थी। श्रीलक्ष्मीनाथ भगवान की प्रतिमा को वृंदावन के कलाकारों ने भव्य रूप से सजाया। करीब 200 क्विंटल फूलों से भगवान लक्ष्मीनाथ मंदिर को सजाया गया। शोभायात्रा में शामिल होने के लिए देशभर से करीब 3000 श्रद्धालु पहुंचे थे। करीब 500 कलाकरों ने अपना जौहर दिखाया।
ऐसी रही शाही शोभायात्रा
शोभायात्रा में दो हाथी, एक दर्जन सजे ऊँट और एक दर्जन घोडे़, राधा-कृष्ण, राधा-रूक्मणी, योगेश्वर श्रीकृष्ण, मां काली के विभिन्न प्रतिरूप,म हाबली शिव, श्रंगारित महाकाल, बाहुबली हनुमान, नरमुण्ड पहने मां काली आदि की सजीव झांकी, विभिन्न रथों पर सवार महंत नरहरिनाथ, महंत निश्चलनाथ, संत दयालगिरी, संत शांतिनाथ, संत रामदास चीमाबाबा आदि थे। संत शिरोमणी संत रतिनाथ की फोटो पर पुष्पांजलि अर्पित करते लोग शायद यह कर रहे थे कि आज भी संत रतिनाथ उनके दिलों में जीवित हैं।
उज्जैन की महाकाल और उनके गणों के बेहद तेज नृत्य, तांडव नृत्य, शिव अघोरी बारात, अग्नि नृत्य से हजारों की संख्या में शामिल श्रद्धालु रोमांचित हो उठे। मां काली और उनके प्रतिरूपों से आसुरी शक्तियों के नाश और मां काली के तलवार और मुंह से निकलता रूधिर देख कर हर किसी की सांसे थम गई। उधर रंगोली कलाकार राजश्री की ओर से त्वरित गति से रास्ते में बनाई जा रही रंगोली को भी श्रद्धालुओं ने सराहा।
चार किमी शोभा यात्रा में पूरे रास्ते में राहगीरों, दर्शकों और शोभायात्रा में शामिल हजारों लोगों को प्रसाद वितरित किया गया।
नासिक महाराष्ट्र के 101 सदस्यीय युवक और युवतियों का बैंड भी मुख्य आकर्षण का केन्द्र रहा। वहीं पहली बार शामिल झांझर नृत्य को श्रद्धालुओं ने सबसे अधिक पसंद किया।
शोभायात्रा में पालकी पर विराजे भव्य रथ पर भगवान लक्ष्मीनाथजी की प्रतिमा यह संदेश दे रही थी कि वे भी जीवंत रूप से इस शोभायात्रा में शामिल होकर अपने श्रद्धालुओं को वरदान दे रहे है। महाकाल और नंदी पर विराजित शिव अपनी अलग की छटा बिखेर रह्रे थे ।
एसडीएम फतेहपुर दयानंद रूहेल, एसडीएम रामगढ़ विकास प्रजापत, डीएसपी राजेश विद्यार्थी, तहसीलदार रामचन्द्र गुर्जर, शहर कोतवाल गुर भूपेन्द्र सिंह, सदर थाना प्रभारी कृष्ण कुमार धनकड़, ईओ नपा नूर मौहम्मद, रामगढ, लक्ष्मणगढ, बलारां, नेछवा और धोद आदि के थाना प्रभारी मौजूद रहे। पुलिस ने यातायात की विशेष व्यवस्था की तथा विशेष पुलिस जाप्ता लगाया गया।
नगरपालिका भी इस बात एक्टिव नजर आई। शोभायात्रा के पीछे पीछे नगरपालिका का वाहन चल रहा था,जिसमें नगरपालिका कर्मी तुरंत बोतल, प्लास्टिक गिलास आदि डालकर सफाई व्यवस्था में जुटे थे।
ये रहे उपस्थित
विधायक हाकम अली खां, नगरपालिका अध्यक्ष मुश्ताक नजमी, मधुसूदन भिण्डा, पूर्व विधायक नंदकिशोर महरिया, महावीर भोजदेसर, महावीर कटारिया, सरोज कडवासरा, विकास भास्कर, रमेश भोजक, मंदिर कमेटी के बाबूलाल झालानी, नरेन्द्र केशान, पवन खेडवाल, रामचन्द्र सहल, अजय रिणवां, विनोद महला, रामवतार बिजारणियां, अनूप बियालां, पार्षद दिनेश बियालां, एडवोकेट जय कौशिक, कुलदीप पीपलवा, सुरेश टिडा, रेखा जोशी, दिव्या लालवानी, सारिका पाराशर आदि मौजूद थे।
Published on:
06 May 2023 12:53 pm
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