
Banned medicine
सर्दी, जुखाम, खांसी व अस्थमा जैसी साधारण बीमारी के उपचार के लिए अब आदमी को ज्यादा जेब ढीली करनी पड़ेगी। वजह केन्द्र सरकार की ओर से खांसी को दूर करने वाली 14 तरह की दवाओं पर बैन लगाना है। जिससे मरीज को न केवल कई तरह की अलग-अलग दवाएं खरीदनी पड़ेगी वहीं सही मात्रा में खुराक भी तय नहीं हो पाएगी। हालांकि इस संबंध में सरकार का तर्क है कि इन कॉम्बिनेशन में शामिल कई दवाओं का दुरुपयोग भी हो रहा है वहीं कई दुष्प्रभाव भी सामने आ रहे हैं। इसे देखते हुए बैन लगाया गया है। सीकर जिला केमिस्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष संजीव नेहरा ने बताया कि बैन लगाने के कारण दवा निर्माता कंपनियों ने भी अपने स्टॉकिस्ट व डीलर से इन दवाओं को वापस मंगवाना शुरू कर दिया है। वहीं कई डीलर्स ने दवाएं भेज भी दी है।
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इन साल्ट कॉम्बिनेशन पर बैन
निमूस्लाइड के साथ पैरासिटामोल, एमॉक्सासिलीन के साथ ब्रोमाहेक्सिन, फोल्कोडाइन के साथ प्रोमेथीजीन तथा क्लोरफेनारमाइमेलिएट के साथ डेक्सामिथेफेन, गुयन्फैनिसिन, अमोनियम क्लोराइड मेंथॉल व अमोनियम क्लोराइड ब्रोमहेक्सिन डेक्सट्रोमिथोरफेन और क्लोरफेनारमिन मिलेएट, कोडिन सिरप। ब्रोमहेक्सिन डेक्सामिथोरफेन, अमोनिया क्लोराइड मेंथॉल। डेक्सट्रोमेथोरफेन क्लोरफेनारमाइन मिलेएट, गुआफिनेसिन, अमोनियम क्लोराइड। पैरासिटामोल ब्राम्हेक्सिन, फिनाइलफेरिन, क्लोरफेनारमिन, गुआफिनेसिन। साल्बुटामोल ब्रोमहेक्सिन। क्लोरफेनारमिन कोडिन फॉस्फेट मेंथॉल। फेनाएटोयिन फेनोबारबीटोन सोडियम। अमोनियम क्लोराइड, सोडियम साइट्रेट क्लोरफेनारमाइन मिलेएट, मेंथॉल सिरप। साल्बुटामोल, हाइड्रोक्सीथाइल थियोफिलाइन, ब्रोमक्सिन।
Published on:
07 Jun 2023 12:13 pm
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