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अच्छी खबर मेडिकल कॉलेज के बाद अब सीकर में चलेगा आयुर्वेद कॉलेज

नौनिहालों को आयुर्वेद की पढ़ाई के लिए दूसरे कॉलेज में नहीं जाना पडेगा। 16 जून से लगेगी कक्षाएं

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Pm awas yojana

सीकर। कोरोना काल के दौरान आयुर्वेद पर भरोसा जताने वाले सीकर के लोगों के लिए अच्छी खबर है कि जिले में बहुप्रतिक्षित नए आयुर्वेद कॉलेज को चंदपुरा में नया अस्थाई भवन मिल गया है। नए कॉलेज भवन में 16 जून से बीएनवाईएस के तीस विद्यार्थियों की नियमित रूप से कक्षाएं लगाई जाएगी। साथ ही कॉलेज मेंं बीएएमएस के बैच की इजाजत देने के लिए निरीक्षण टीम आएगी। इसके लिए आयुर्वेद कॉलेज के अधीन जिला अस्पताल में सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा। सबकुछ ठीक रहा और निरीक्षण टीम की हरी झंडी मिलने पर इस सत्र से बीएएमएस की कक्षाएं लगने लगेगी। जिससे हमारे नौनिहालों को आयुर्वेद की पढ़ाई के लिए दूसरे कॉलेज में नहीं जाना पडेगा। वहीं कॉलेज के अधीन डा राजेन्द्र प्रसाद आयुर्वेद जिला चिकित्सालय में योग व नेचुरोपेथी के विशेषज्ञों नियमित रूप से मरीजों को परामर्श मिलने लगेगा। जिससे सीधे तौर पर मरीजों को इन सुविधाओं का लाभ मिल सकेगा।
जल्द बनेगा पचास बेडेड अस्पताल
आयुर्वेद को बढ़ावा देने के लिए सीकर से सालासर जाने वाली सड़क पर सरकारी जनाना अस्पताल के पास नया आयुर्वेद अस्पताल बनाया जा रहा है। पचास बेड के नए अस्पताल के लिए जमीन का चयन हो चुका है ओर निर्माण कार्य चल रहा है। नए भवन में मरीजों को भर्ती करने से लेकर पंचकर्म तक की सुविधाएं मिलने लगेगी। बीमारी के सटीक कारण को जानने के लिए लैब को भी विकसित किया जाएगा। ऑपरेशन थियेटर बनाए जाने पर चिकित्सक आयुर्वेद के नियमानुसार माइनर ऑपरेशन भी कर सकेंगे।
भवन का किया उद्घाटन
नए कॉलेज के वैकल्पिक भवन चंदपुरा में सभी विभागों को व्यवस्थित करके 16 जून से नियमित कक्षाएं यहीं पर लगाई जाएंगी। इस महाविद्यालय में दो प्रकार की कॉलेज का संचालन होगा। वहीं साढ़े सात लाख रुपए के बजट का आवंटन होने से राजेन्द्र अस्पताल में सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा। इसके लिए निर्माण एजेंसी के अधिकारियों ने निरीक्षण पूरा कर लिया है।
एसएन शर्मा, प्रिंसीपल आयुर्वेद कॉलेज सीकर