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अगवा दुल्हन और मुख्य आरोपी को लेकर सीकर पहुंची पुलिस, देहरादून में कोर्ट मैरिज करने की तैयारी में थे

Sikar Bride Kidnap Case - राजस्थान के सीकर जिले से अगवा दुल्हन हंसा कंवर को देहरादून से बरामद कर पुलिस सीकर ले आई है।

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सीकर

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Santosh Trivedi

Apr 21, 2019

Sikar Bride Kidnapping

सीकर। Sikar Bride Kidnap Case - राजस्थान के सीकर जिले से अगवा दुल्हन हंसा कंवर को देहरादून से बरामद कर पुलिस सीकर ले आई है। पुलिस ने दुल्हन को बरामद करने साथ ही अपहरण के मुख्य आरोपी और उसके साथी को भी देहरादून से गिरफ्तार किया था। पुलिस तीनों को लेकर रविवार सुबह सीकर पहुंच गई। आरोपियों को कल मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया जाएगा। सुरक्षा की दृष्टि से लड़की की जानकारी गोपनीय रखी गई है। लड़की के बयानों के बाद मामले में अनुसंधान त्वरित किया जाएगा।

मालूम हो कि सीकर में हथियार के दम पर दूल्हे की कार से अपहृत दुल्हन हंसा कंवर शनिवार शाम को देहरादून में बरामद हो गई। पुलिस ने अपहरण के आरोपी अंकित सेवदा को भी गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस का कहना है कि दोनों कोर्ट मैरिज की तैयारी में थे। जिनको सिटी मजिस्ट्रेट कोर्ट के बाहर दबोच लिया गया। पूछताछ में आरोपी अंकित ने प्रेम-प्रसंग में अपहरण की बात स्वीकार कर ली। दोनों को दस्तयाब करने के बाद सीकर पुलिस देर रात उन्हें लेकर सीकर रवाना हो गई। दून पुलिस अधीक्षक नगर श्वेता चौबे ने बताया कि राजस्थान के सीकर जिले में नागवा निवासी हंसा कंवर और उसकी बहन सोनू कंवर की 16 अप्रैल को बारात आई थी।


मायके से दोनों दुल्हनों की बारात ससुराल जा रही थी। आरोप है कि इस बीच दुल्हन हंसा को अंकित ने दुल्हे की कार के आगे गाड़ी लगाकर रोक लिया। इसके बाद उसने कार में में तोडफ़ोड की और हथियार के दम पर दुल्हन का अपहरण कर लिया। विरोध करने पर हंसा की बहन सोनू व अन्य से मारपीट भी की गई। इसके बाद दुल्हन के पीहर पक्ष ने आरोपी और अन्य के खिलाफ उसके अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराई।

पुलिस इनके मोबाइल लोकेशन के आधार पर शुक्रवार को देहरादून पहुंच गई। दोनों की तलाश में पुलिस ने कई जगह पर छापेमारी भी की, लेकिन दोनों पुलिस को चकमा देकर निकल गए। शनिवार को अंकित और हंसा ने कोर्ट में शादी के लिए प्रार्थना पत्र दिया। इस बीच कोतवाली पुलिस को दोनों के बारे में जानकारी मिल गई। शहर कोतवाली पुलिस ने उन्हें कचहरी परिसर में ही रोक लिया। इसके बाद देहरादून पुलिस ने शनिवार शाम को दोनों को मौके से दस्तयाब कर राजस्थान पुलिस के सुपुर्द कर दिया, क्योंकि देहरादून में दोनों के खिलाफ कोई एफआइआर दर्ज नहीं थी।