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जिले को मिल सकती है बड़ी सौगात: सिंगरौली सहित प्रदेश के 10 शहरों में खुल सकते हैं नए मेडिकल कॉलेज, प्रस्ताव भेजा

प्रदेश सरकार ने केंद्र सरकार को भेजा प्रस्ताव

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collage student election 2019

अजमेर .एसपीसी-जीसीए में छात्राओं से अपने दल के लिए समर्थन मांगता छात्र पत्रिक

भोपाल/सिंगरौली. प्रदेश में 10 नए मेडिकल कॉलेज खुलेंगे। प्रदेश सरकार ने इस संबंध में केंद्र सरकार को प्रस्ताव भेजा है। दिल्ली में गुरुवार को केंद्रीय स्वास्थ्य विभाग की बैठक में इस प्रस्ताव पर विचार किया गया है। अगली बैठक में इसे मंजूरी मिल सकती है। दस जिलों के जिला अस्पतालों को केंद्रीय योजना के तहत अपग्रेड कर मेडिकल कॉलेज में तब्दील किया जाएगा। प्रदेश सरकार ने गुना, बैतूल, बालाघाट, मंडला, मंदसौर, राजगढ़, श्योपुर, महेश्वर, छतरपुर और सिंगरौली के लिए मेडिकल कॉलेज का प्रस्ताव भेजा है।

प्रस्ताव भेजा जा चुका है
प्रदेश सरकार ने केंद्रीय योजना के तहत दस जिलों में मेडिकल कॉलेज खोलने का प्रस्ताव भेजा है। अगली बैठक में इस पर फैसला हो सकता है। - शिवशेखर शुक्ला, प्रमुख , सचिव, चिकित्सा शिक्षा विभाग

इधर, विश्वविद्यालयों में राज्य के नियम लागू होंगे
राजभवन के निर्देश पर राज्य के विश्वविद्यालयों ने रोस्टर पर माथापच्ची शुरू कर दी है। विश्वविद्यालय राज्य में लागू आरक्षण के तहत 100 बिन्दु का रोस्टर ही लागू करेंगे। इसके लिए विश्वविद्यालय को इकाई माना जाएगा। विश्वविद्यालय की इस प्रक्रिया से रिक्त पदों पर नियुक्ति की संभावनाएं बढ़ी हैं। प्रदेश में रोस्टर का फैसला न होने के कारण पिछले दो साल से विश्वविद्यालयों में नियुक्तियां नहीं हो पा रहीं हैं।

50 फीसदी से अधिक पद रिक्त
हालांकि कुछ विश्वविद्यालय ने शैक्षणिक पदों पर नियुक्ति के प्रयास शुरू किए, लेकिन यूजीसी की नई गाइडलाइन के बाद प्रक्रिया रोक दी गई। यहां विवाद आरक्षण को लेकर है। दरअसल, विश्वविद्यालयों में संकायवार को इकाई मानकर रोस्टर लागू होता था। इसी के तहत काम किया जा रहा था, लेकिन यूजीसी ने विवि को इकाई मानते हुए 200 बिंदुओं का रोस्टर लागू करने के निर्देश दिए, जबकि राज्य सरकार ने 100 बिन्दु पर रोस्टर लागू करने का निर्णय लिया है।