दे दी हमें आजादी: 30 वर्ष पहले सिरोही जिला अस्पताल में 1 करोड़ रुपए से ओपीडी ब्लॉक बनवाया। मालगांव में 6 करोड़ से स्कूल के नए भवन का निर्माण शुरू किया। कोरोनाकाल में केपी संघवी परिवार मानवता की सेवा में जुटा रहा। गोवंश को भी बचाने का काम किया।
सिरोही के मालगांव के 67 वर्षीय किशोर एच संघवी जन्म स्थली के लिए शिक्षा-स्वास्थ्य सेवाओं में योगदान दे रहे हैं। वे करोड़ों की लागत से भवन बनवाकर शिक्षा विभाग को सौंप चुके हैं।
संघवी स्वयं भले ही उस वक्त उच्च शिक्षा ग्रहण नहीं कर सके हों, लेकिन सिरोही का हर बच्चा उच्च शिक्षा ग्रहण करके आगे बढ़े, इसी उद्देश्य से करीब 10 वर्ष पहले शिक्षा के क्षेत्र में योगदान शुरू किया। जिले में स्कूल-कॉलेजों के भवन निर्माण पर वे अब तक कई करोड़ रुपए खर्च कर चुके हैं।
हाल मुंबई प्रवासी डायमंड व्यवसायी, पावापुरी रिलिजियस ट्रस्ट के चेयरमैन संघवी ने जिले के रेवदर उपखण्ड मुख्यालय पर मां शांता बा की स्मृति में 5 करोड़ की लागत से मातुश्री शांता बा हजारीमलजी के पी संघवी राजकीय महाविद्यालय का भवन बनवाकर 4 वर्ष पहले सुपुर्द कर किया। 7 करोड़ रुपए से जिला मुख्यालय पर राजकीय विधि महाविद्यालय भवन बनवाया। इसमें 350 से अधिक विद्यार्थी एलएलबी व एलएलएम की पढ़ाई कर रहे हैं। रेवदर में अत्याधुनिक अस्पताल भवन बनाने के लिए सरकार को प्रस्ताव भेजा है। इसके लिए सरकार ने 10 बीघा भूमि चिह्नित कर ली।
संघवी परिवार ने वर्ष 2000 में पावापुरी तीर्थ जीव मैत्री धाम का निर्माण करवाया, जहां सैकड़ों लोगों को रोजगार मिल रहा। तीर्थ में अभी 5400 से अधिक गोवंश पल रहा है। गोवंश का 25 वर्ष से लालन-पालन किया जा रहा।
मातृभूमि ने हमें बहुत कुछ दिया, यहां तक बढ़ाया तो उसके लिए कुछ करना सभी का फर्ज है। युवा देश का भविष्य है।