2 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

सिरोही में बंद का मिला-जुला असर

जिला मुख्यालय पर सोमवार का दिन विरोध-प्रदर्शन के नाम रहा। एक तरफ एक्साइज ड्यूटी के खिलाफ सर्राफा

2 min read
Google source verification

image

Mukesh Kumar Sharma

Apr 05, 2016

sirohi

sirohi

सिरोही।जिला मुख्यालय पर सोमवार का दिन विरोध-प्रदर्शन के नाम रहा। एक तरफ एक्साइज ड्यूटी के खिलाफ सर्राफा संघ का बंद का आह्वान तो दूसरी ओर कांग्रेस कार्यकर्ताओं का उत्तराखण्ड में राष्ट्रपति शासन लगाने का विरोध। जिला राशन विक्रेता संघ ने भी राज्य सरकार की नीतियों के विरुद्ध बैठक कर प्रदर्शन किया। तीनों संघ के पदाधिकारियों ने जिला कलक्टर को ज्ञापन भी दिया। सर्राफा संघ के आह्वान पर शहर में बंद का मिला-जुला असर रहा। दोपहर बाद अधिकतर दुकानें खुल गई। सुबह बाजार में सर्राफा संघ के कार्यकर्ता दुकानें बंद करवाते देखे गए।

कांग्रेस कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन

उत्तराखण्ड में राष्ट्रपति शासन लगाने के विरोध में कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। ज्ञापन में बताया कि केन्द्र सरकार की तानाशाही के चलते कांग्रेस शासित राज्यों में अस्थिरता पैदा की जा रही है। हरीश रावत को विधानसभा अध्यक्ष की ओर से सदन में बहुमत साबित करने के लिए समय दिया गया, लेकिन एक दिन पूर्व केन्द्रीय केबिनेट ने राष्ट्रपति शासन लगाने की अनुशंसा कर लोकतंत्र की हत्या का कृत्य किया। इसके विरोध में जिलाध्यक्ष गंगाबेन गरासिया व जिला सह प्रभारी सोमेन्द्र गुर्जर के नेतृत्व में कलक्टर को ज्ञापन सौंपा। प्रदेश सचिव गुमानसिंह देवड़ा, राजेन्द्रसिंह सांखला, इन्दरसिंह देवड़ा, ब्लॉक अध्यक्ष मोहनलाल सिरवी, गणेश बंजारा, उपाध्यक्ष सुभाष चौधरी, जोगाराम मेघवाल, जिला सचिव मुख्तियार खान, पूर्व जिला प्रमुख अन्नाराम बोराणा, संध्या चौधरी, अचलसिंह बालिया, महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष हेमलता शर्मा आदि उपस्थित थे।

राशन विक्रेताओं ने नोटिस पर जताया विरोध

राजस्थान राज्य अधिकृत राशन विक्रेता संघ सिरोही ने प्रदेश कार्यकारिणी के आह्नान पर 30 मार्च को दुकान बंद रखकर विधानसभा पर धरना-प्रदर्शन किया था। इस पर जिले के राशन विक्रेताओं को नोटिस जारी किया था। इसको लेकर पदाधिकारियों व राशन विक्रेता की बैठक शहर के गांधी पार्क में हुई। इसमें सरकार के विरुद्ध प्रदर्शन किया। इसके बाद रैली के रूप में संघ के जिलाध्यक्ष नारायण डाबी के नेतृत्व में विक्रेताओं ने जिला रसद अधिकारी के कारण बताओ नोटिस का जवाब दिया। साथ ही जिला कलक्टर को ज्ञापन देकर पीओएस मशीन सम्बंधित कार्यालय में जमा कराने की मांग की। खामियों के निराकरण तक मशीन 7 अप्रेल को पुन: जिला रसद कार्यालय में जमा करवा दी जाएगी।सुधार के बाद ही मशीन वापस ली जाएगी।
जावाल. कस्बे में सर्राफा व्यापारियों ने रैली निकालकर विरोध जताया। अध्यक्ष छगनभाई सोनी के नेतृत्व में व्यापारी बाजार में एकत्र हुए। उनके साथ कस्बे के व्यापारियों ने भी प्रतिष्ठान बन्द कर साथ दिया। खुशवन्त सोनी ने विचार व्यक्त किए।

आबूरोड. सोने व डायमंड की ज्वैलरी पर केन्द्र की ओर से लगाए उत्पाद शुल्क के विरोध में प्रदेशव्यापी बंद के आह्वान पर सोमवार को आबूरोड बंद सफल व शांतिपूर्ण रहा। हालांकि, सभी आवश्यक सेवाएं अबाधित रूप से जारी रहीं। रोडवेज की बसों, रेलगाडिय़ों, ऑटो व बैंकों पर बंद का कोई असर नहीं पड़ा। स्कूल व अस्पताल रोजमर्रा की तरह खुले रहे। ज्वैलर्स एसोसिएशन के बंद के आह्वान का शिवसेना, ऑल किराणा रिटेल व्यापारी संघ, होलसेल किराणा, फुटवियर, स्टील, स्टेशनरी, सीमेन्ट, आयरन एण्ड हार्डवेयर, कटलरी, होलसेल सब्जी मंडी व मिठाई व्यापारी संघों ने समर्थन किया। विभिन्न मार्गों पर ठेले व फुटपाथ पर व्यवसाय करने वालों ने भी दुकानदारी नहीं लगाई। पूरा बाजार दिनभर सुनसान नजर आया। हालांकि, दोपहर बाद बाजार व गली-मोहल्लों में स्थित कुछ दुकानें जरूर खुली देखी गईं।

रेवदर. रेवदर कस्बा दिन भर बंद रहा। सब्जी मंडी एवं व्यापारी प्रतिष्ठान बंद होने से स्थानीय एवं बाहर से आए लोगों को खरीदारी के लिए परेशानियों का सामना करना पड़ा।