
गैंगस्टर धोलू चौधरी गैंग के लिए रैकी के एवज में मिलती थी मोटी रकम, एक और वारदात की थी तैयारी
श्रीगंगानगर. इलाके में एक और वारदात करने के लिए हरियाणा के गैंगस्टर धोलू चौधरी की गैंग के चार सदस्य यहां पुरानी आबादी में एक घर में आकर ठहरे थे। वे किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने के लिए हरियाणा से यहां आए थे लेकिन पेट्रोल पंप मालिक भाटिया हत्याकांड के कारण सक्रिय हुई पुलिस की गिरफ्त में आ गए और चारों को गिरफ्तार कर लिया गया।
इनकी पूछताछ में यह सामने आया है कि यह धोलू चौधरी गैंग की ओर से बताए गए ठिकाने के बारे में पूरी रैकी करने के लिए यहां पहुंचे थे। इसके एवज में मोटी रकम मिलनी थी। एक और वारदात होती उससे पुलिस पुरानी आबादी पुलिस ने थाने के पीछे स्थित सुभाष मार्कट धींगड़ा पार्क से सटे कुलदीप के घर पर ठहरे चारों को काबू कर लिया।
इन लोगों के कब्जे से हथियार भी पुलिस ने बरामद किए है। इन चारों के अलावा मकान मालिक कुलदीप को गिरफ्तार कर पूछताछ की गई। इन पांचों आरोपियों को अदालत में पेश किया जाएगा।
पुलिस की गिरफ्त में आरोपी झज्जर हरियाणा निवासी कपिल उर्फ बीडा पुत्र सुरेन्द्र, रेवाडी निवासी राहुल पुत्र रामावतार, अमन उर्फ कुल्फी पुत्र विजय कुमार, गजेन्द्र कुमार पुत्र सत्यनारायण और मकान मालिक पुरानी आबादी निवासी कुलदीप पुत्र राजेन्द्र के कब्जे से 4 देसी पिस्तोल 10 जिन्दा कारतूस बरामद किए हैं.
व्यापारी जैन के घर पर फायरिंग से पहले आई थी यहां गैंग व्यापारी अरूण जैन के मकान सुखाडियानगर प्रथम में धोलू चौधरी गैंग ने हरियाणा से आकर फायरिंग की थी और जान से मारने की धमकी दी थी।
इस वारदात से दो दिन पहले धोलू चौधरी अपने चार साथियों को हथियार और कारतूस देकर गया था। इस गैंग ने व्यापारी जैन के घर पर फायरिंग की तब धोलू ने अपने दो साथी के साथ कार में किसी रोड पर रुक कर सोशल मीडिया पर लाइव होकर पुलिस को भी चुनौती दे डाली।
पुलिस इस गैंग सदस्यों को काबू करते उससे पहले इलाके में ही अज्ञात जगह पर भेज दिया गया था। इधर, जवाहरनगर पुलिस ने आरोपी जी ब्लॉक निवासी निशांत बजाज पुत्र श्यामलाल और गैंग को पनाह देने वाले शंकर कॉलोनी निवासी ओमप्रकाश उर्फ बिट्टू पुत्र हरद्वारीलाल से पूछताछ का दौर गुरुवार को भी जारी रखा।
इन दोनों की व्यापारी जैन के घर पर फायरिंग प्रकरण में अलग अलग भूमिका सामने आई है। आरोपी बजाज ने ही चक तीन ई छोटी निवासी अजय उर्फ भालू पुत्र कृष्णलाल को गैंगस्टर राम मेहर उर्फ धोलू चौधरी से मिलवाया था। आरोपी भालू का व्यापारी जैन के साथ लेनदेन था।
लेकिन जैन ने भालू को उसके रुपए वापस नहीं दिए तो उसने गैंगस्टर से धमकी दिलाई और फायरिंग भी करवाई ताकि उसका भुगतान हो सके। ज्ञात रहे कि जवाहरनगर पुलिस थाना क्षेत्र सुखाडि़या नगर में 25 जून को हुई फायरिंग मामले में सुखाडिया नगर निवासी अरुण जैन पुत्र विमल ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
इसमें बताया गया था कि वह सुबह घर की चारदीवारी में घूम रहा था कि सफेद रंग की कार में तीन युवकों ने उस पर फायरिंग की और कार भगा ले गए। पुलिस ने घटना स्थल के आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले तो इस गैंग की पहचान हुई।
धोलू चौधरी की अपराधिक रेकार्ड लेने गई पुलिस इस मामले में फरार चल रहे मुख्य आरोपी गैंगस्टर राममेहर उर्फ धोलू चौधरी को हिसार एसटीएफ ने हथियारों सहित गिरफ्तार कर लिया था। जिसके खिलाफ हरियाणा में अनेक मामले दर्ज है।
इस गैंगस्टर को जवाहरनगर पुलिस ने गिरफ्तारी से पहले उसका अपराधिक रेकार्ड जुटाने के लिए एक टीम को हिसार और फतेहाबाद भिजवाया है।
Published on:
06 Aug 2021 11:20 pm
बड़ी खबरें
View Allश्री गंगानगर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
