
Sriganganagar Hotel Case: होटलों पर हुई बुलडोजर कार्रवाई की तस्वीर (फोटो-पत्रिका)
श्रीगंगानगर। शहर के तीन होटलों में 13 वर्षीय किशोरी से दरिंदगी और यौन शोषण के बहुचर्चित मामले में पुलिस ने जांच लगभग पूरी कर ली है। अब पुलिस जल्द ही न्यायालय में चार्जशीट दाखिल करने की तैयारी कर रही है। एफआईआर में नामजद 24 आरोपियों में से अब तक 22 को गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि दो आरोपी अभी भी फरार हैं। पुलिस का कहना है कि शेष आरोपियों की गिरफ्तारी होते ही चालान पेश किया जाएगा।
जिला पुलिस अधीक्षक हरिशंकर यादव ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में से 15 के खिलाफ दुष्कर्म और यौन शोषण से जुड़े गंभीर आरोप दर्ज किए गए हैं। मामले में पीड़िता को जल्द न्याय दिलाने के उद्देश्य से पुलिस 'केस ऑफिसर स्कीम' के तहत कार्रवाई कर रही है। इसके तहत एक नामित अधिकारी अदालत में होने वाली रोजाना की सुनवाई पर नजर रखेगा, सरकारी वकील के साथ समन्वय करेगा और जांच से जुड़े सभी तथ्यों को अभियोजन पक्ष तक समय-समय पर पहुंचाएगा। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि दोष सिद्ध होने पर आरोपियों के लिए अधिकतम सजा (मौत) की मांग की जाएगी।
मामले में सोमवार को पुलिस ने एक और आरोपी को गिरफ्तार किया, जिसके बाद गिरफ्तार आरोपियों की संख्या 22 हो गई। महिला अपराध अन्वेषण सेल के वृत्ताधिकारी एवं जांच अधिकारी कैलाश दान ने बताया कि जवाहरनगर की जनता कॉलोनी निवासी लक्ष्मण पुत्र अशोक कुमार कुम्हार को गिरफ्तार किया गया है। वह कॉलेज छात्र है। जांच के दौरान हाउसिंग बोर्ड चौराहे स्थित होटल जॉय इन की सीसीटीवी फुटेज में उसकी मौजूदगी सामने आई थी। पुलिस का आरोप है कि वह इसी होटल में किशोरी के साथ हुई दरिंदगी की घटना में शामिल था। आरोपी को अदालत में पेश किया जा रहा है।
इससे पहले पुलिस ने फार्मेसी के छात्र मनीष कुमार नायक को भी सीसीटीवी फुटेज के आधार पर गिरफ्तार किया था। जांच में सामने आया कि वह परीक्षा देने के दौरान होटल जॉय इन पहुंचा था। उसकी गिरफ्तारी के बाद आरोपियों की संख्या 21 हुई थी, जबकि अब लक्ष्मण की गिरफ्तारी के साथ यह आंकड़ा 22 तक पहुंच गया है।
पुलिस के अनुसार होटल ड्रीम के संचालक राकेश कुमार नायक और ग्राहकों को होटलों तक पहुंचाने में कथित बिचौलिए की भूमिका निभाने वाला सूरज अभी भी फरार हैं। दोनों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है। राकेश कुमार की तलाश में चूनावढ़ थाना पुलिस की भी मदद ली जा रही है। पुलिस का कहना है कि दोनों की गिरफ्तारी के बाद ही अंतिम चार्जशीट अदालत में पेश की जाएगी।
जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थलों का मौका मुआयना, एफएसएल रिपोर्ट, सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी साक्ष्य जुटाए हैं। कई आरोपियों की बापर्दा शिनाख्त परेड भी कराई जा चुकी है, जबकि छह अन्य आरोपियों की पहचान प्रक्रिया केंद्रीय कारागृह में कार्यपालक मजिस्ट्रेट की निगरानी में कराई जाएगी। इस प्रक्रिया के बाद उसकी रिपोर्ट न्यायालय में प्रस्तुत की जाएगी।
पुलिस ने जांच का दायरा सोशल मीडिया तक बढ़ा दिया है। मामले को लेकर भ्रामक और फर्जी सूचनाएं फैलाने वाले 80 से अधिक सोशल मीडिया अकाउंट निलंबित कराए गए हैं। पीड़िता की मौत जैसी झूठी खबरें प्रसारित करने वालों के खिलाफ सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम के तहत अलग एफआईआर दर्ज की गई है। पुलिस का कहना है कि अफवाह फैलाने वालों की पहचान कर उनके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
गौरतलब है कि यह मामला तब सामने आया था जब 22 जून को किशोरी की मां ने उसके लापता होने की सूचना पुलिस को दी थी। जांच के दौरान 18 से 21 जून के बीच श्रीगंगानगर शहर के तीन अलग-अलग होटलों में किशोरी के साथ हुई दरिंदगी और यौन शोषण का खुलासा हुआ। इसके बाद पुलिस ने विशेष जांच अभियान चलाकर लगातार गिरफ्तारियां कीं। अब पूरे मामले में पुलिस चार्जशीट दाखिल कर जल्द सुनवाई के जरिए पीड़िता को न्याय दिलाने की दिशा में आगे बढ़ रही है।
Updated on:
14 Jul 2026 06:02 pm
Published on:
14 Jul 2026 06:02 pm
