
सूरतगढ़ थर्मल की सुपर क्रिटिकल इकाई से बिजली उत्पादन की प्रक्रिया में नया सोपान तय, स्टीम ब्लोइंग की प्रक्रिया शुरू
सूरतगढ थर्मल.
सूरतगढ़ तापीय विद्युत परियोजना की 660 मेगावाट की आठवीं सुपर क्रिटिकल इकाई से बिजली उत्पादन शुरू करने की प्रक्रिया के तहत एक और सोपान तय किया गया है। बॉयलर की मेन स्टीम (एमएस) लाइन में प्रथम चरण की स्टीम ब्लोइंग प्रक्रिया सोमवार को शुरू की गई।
मुख्य अभियंता बीपी नागर ने बताया कि प्रथम चरण की स्टीम ब्लोइंग प्रक्रिया के तहत सोमवार दोपहर 1 बजकर 53 मिनट पर इकाई की मुख्य स्टीम लाइन एवम सी आर एच (कोल्ड री हीटिंग) लाइन में स्टीम ब्लोइंग का कार्य शुरू किया गया। इस प्रक्रिया के तहत टरबाइन तक भाप पहुंचाने वाली मेन स्टीम लाइन तथा सीआरएच लाइन की सफाई के लिए उच्च दाब पर करीब 25 बार अथवा उचित परिणाम मिलने तक भाप प्रवाहित कर वातावरण में छोड़ी जाएगी। उन्होंने बताया कि सोमवार दोपहर 1 बजकर 53 मिनट पर शुरू हुई इस प्रक्रिया के तहत सात से आठ दिनों तक रुक रुक कर स्टीम ब्लोइंग की जाएगी।
अभी भी दो चरण और बाकी
जानकारों की माने तो कोल्ड री हीटिंग लाइन में स्टीम ब्लोइंग की प्रक्रिया पूरी होने के बाद बॉयलर से दूसरा सर्किट तैयार कर टरबाईन की आर एच (री हीटिंग) एवम एच आर एच ( हॉट री हीटिंग) लाइन की सफाई के लिए स्टीम ब्लोइंग की जाएगी।
इस प्रक्रिया में अगले डेढ से दो माह और लगने की संभावना है।
फुल लोड पर चलाएंगे सातवीं इकाई
मुख्य अभियंता ने बताया कि दिसम्बर माह में परीक्षण के तौर पर सिंक्रोनाइज की गई 660 मेगावाट की सातवीं सुपर क्रिटीकल इकाई को भी अगले 8- 10 दिनों में पूर्ण क्षमता से चलाया जाएगा। इसके बाद आठवी इकाई के स्टीम ब्लोइंग का दूसरा चरण शुरू किया जाएगा।
इस अवसर पर उप मुख्य अभियंता केसर सिंह, अधिशाषी अभियंता बॉयलर सी एल टाक सहित भेल के अधिकारी उपस्थित थे।
Updated on:
04 Mar 2019 07:32 pm
Published on:
04 Mar 2019 07:32 pm
