
रायसिंहनगर. खेत में गिरदावरी करता किसान।
रायसिंहनगर (श्रीगंगानगर). राज्य सरकार के निर्देश पर मूंग फसल की समर्थन मूल्य पर खरीद के लिए शनिवार से ऑनलाइन पंजीकरण प्रक्रिया शुरू कर दी गई, लेकिन तकनीकी समस्याओं के चलते किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
ई-मित्र केंद्रों पर बड़ी संख्या में किसान ऑनलाइन गिरदावरी निकलवाने पहुंचे, मगर देर शाम तक न तो पंजीकरण पोर्टल सुचारू हुआ और न ही गिरदावरी प्रक्रिया पूरी हो पाई। किसानों ने शिकायत करते हुए कहा कि जिनके पास निजी स्तर पर करवाई गई गिरदावरी उपलब्ध है, उन्हें भी ऑनलाइन गिरदावरी नहीं मिल रही। गांव ठण्डी, रायङ्क्षसहनगर और आसपास के किसानों ने आशंका जताई कि गिरदावरी पूरी नहीं होने के कारण वे समर्थन मूल्य से वंचित रह सकते हैं। अधिकारियों के अनुसार अब तक केवल 40 फीसदी गिरदावरी हो पाई है और शत-प्रतिशत गिरदावरी में एक माह से अधिक का समय लग सकता है। तहसील कार्यालय के कानूनगो प्रवीण कुमार ने बताया कि जिन चकों की गिरदावरी पूरी हो चुकी है, उन्हें तुरंत लॉक किया जा रहा है, ताकि कास्तकारों को ऑनलाइन गिरदावरी उपलब्ध करवाई जा सके।
राष्ट्रीय कृषि सहकारी विपणन संघ लिमिटेड (नेफेड) की 68वीं वार्षिक साधारण सभा में श्रीगंगानगर जिले का प्रतिनिधित्व करते हुए क्रय-विक्रय सहकारी समिति के चेयरमैन राकेश ठोलिया ने क्षेत्र की मूंग फसल की स्थिति से अवगत करवाया। उन्होंने मांग की थी कि समर्थन मूल्य पर मूंग की तत्काल खरीद शुरू की जाए और प्रति किसान खरीद सीमा 25 ङ्क्षक्वटल से बढ़ाकर 40 ङ्क्षक्वटल की जाए। इस पर नेफेड चेयरमैन जेठा भाई अहीर और वाइस चेयरमैन त्रिलोचन ङ्क्षसह भंगू सहित अन्य पदाधिकारियों ने श्रीगंगानगर और हनुमानगढ़ जिलों के लिए उक्त आदेश जारी कर दिए हैं। खरीद सीमा बढऩे से किसानों को राहत मिलेगी, क्योंकि समर्थन मूल्य और निजी बाजार में कीमतों में बड़ा अंतर होने से किसानों को नुकसान की आशंका बनी हुई थी।
Updated on:
28 Sep 2025, 1:51 AM IST
Published on:
28 Sep 2025, 1:49 AM IST
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