
तस्करों के घरों के आगे मौजूद जवान। फोटो- आईएएनएस
श्रीनगर। 'नशा मुक्ति जम्मू-कश्मीर अभियान' के तहत ड्रग तस्करी के खिलाफ अपनी लगातार कार्रवाई जारी रखते हुए श्रीनगर पुलिस ने सोमवार को कुख्यात ड्रग तस्करों की लगभग 8 करोड़ रुपए कीमत की 10 अचल संपत्तियां जब्त कीं। श्रीनगर पुलिस ने नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस (एनडीपीएस) एक्ट के प्रावधानों के तहत नौहट्टा इलाके में यह कार्रवाई की। हावल के सज्जाद अहमद शेख के दो मंजिला घर को सीज किया गया, जिसकी कीमत लगभग 85 लाख रुपए है।
इसी तरह हाजरा बेगम का दो मंजिला रिहायशी घर (कीमत लगभग 55 लाख), जहूर अहमद शेख उर्फ गुल्लू का चार मंजिला मकान (कीमत 75 लाख), फहमीदा उर्फ फंबा का एक मंजिला घर (कीमत लगभग 55 लाख), अब्दुल अहद शेख का दो मंजिला मकान (कीमत लगभग 75 लाख) और गुलाम नबी शेख का तीन मंजिला रिहायशी घर (कीमत लगभग 90 लाख) को सीज किया गया। श्रीनगर पुलिस ने आरोपी अल्ताफ अहमद शेख के 90 लाख के घर, हैदर अली वानी के दो मंजिला मकान (कीमत लगभग 85 लाख), शकील अहमद शेख के तीन मंजिला रिहायशी घर (कीमत लगभग 95 लाख) और मंजूर अहमद शेख के दो मंजिला रिहायशी घर (कीमत लगभग 95 लाख) को जब्त किया।
पुलिस ने बताया कि आरोपियों ने अवैध नशीले पदार्थों की तस्करी करके लगभग 8 करोड़ रुपए की कुल अनुमानित कीमत वाली इन संपत्तियों को जुटाया था। यह जब्ती एनडीपीएस एक्ट के प्रावधानों के तहत की गई है, ताकि ड्रग नेटवर्क के वित्तीय ढांचे को तोड़ा जा सके और अपराधियों को अवैध ड्रग व्यापार से मिलने वाले फायदों से वंचित किया जा सके। इसके साथ ही श्रीनगर पुलिस ने जनता से अपील की कि वे नशीले पदार्थों की तस्करी से जुड़ी कोई भी जानकारी नजदीकी पुलिस स्टेशन या समर्पित हेल्पलाइन के जरिए साझा करके नशा-विरोधी अभियान का समर्थन करना जारी रखें। जानकारी देने वालों की पहचान पूरी तरह से गोपनीय रखी जाएगी।
इससे पहले जम्मू-कश्मीर के बांदीपोरा जिले में पुलिस ने आतंकवादी गतिविधियों से जुड़े होने के शक में पांच लोगों की करोड़ों रुपए की अचल संपत्ति जब्त की थी। यह कार्रवाई चिट्टेबांडे और गुंडपोरा गांवों में हुई, जहां कई एकड़ कृषि जमीन को सील कर दिया गया। पुलिस का कहना था कि इन संपत्तियों का इस्तेमाल आतंकवादी नेटवर्क को आर्थिक और अन्य तरह की मदद पहुंचाने के लिए किया जा रहा था। जिन लोगों की संपत्ति जब्त हुई है, उन पर प्रतिबंधित संगठनों से संबंध रखने, आतंकवादियों को पनाह देने और सीमा पार बैठे हैंडलरों के इशारे पर काम करने के आरोप हैं।
Updated on:
20 Jul 2026 03:36 pm
Published on:
20 Jul 2026 03:36 pm
