
अब न करें बेटियों की शादी की चिंता, सरकार उठाएगी सारा खर्च
सुल्तानपुर. निम्न आय वर्ग के लोगों की पुत्रियों के विवाह में आने वाली समस्याओं को दूर करने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में ‘मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना’ Mukhyamantri Samuhik Vivah Yojana का शुभारम्भ किया है। इस योजना के तहत प्रदेश में गरीबी रेखा से नीचे जीवन-यापन करने वाले लोगों की बेटियों के हाथ पीले करने का बड़ा ही कल्याणकारी कार्य किया जा रहा है। उत्तर प्रदेश में मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना राज्य सरकार द्वारा समाज में सर्व धर्म-सम्भाव तथा सामाजिक समरसता को बढ़ावा देने के लिए संचालित है। इस योजना के अन्तर्गत विभिन्न समुदाय एवं धर्मां के रीति-रिवाज के अनुसार वैवाहिक कार्यक्रम सम्पन्न कराया जाता है।
इस योजना का उद्देश्य है कि विवाह उत्सव में होने वाले अनावश्यक प्रदर्शन एवं अपव्यय को भी समाप्त किया जाये। मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत 02 लाख वार्षिक आय सीमा के अन्तर्गत आने वाले परिवारों की बालिग पुत्रियों के विवाह हेतु इस योजना से लाभान्वित किया जा रहा है। सभी वर्गों के जरूरत मंद, निराश्रित परिवारों की कन्याओं के विवाह हेतु सामूहिक आयोजन किया जाता है। इस योजना के तहत विधवा, तलाकशुदा महिलाओं के विवाह की भी व्यवस्था है। इस योजना के अन्तर्गत नवविवाहित दाम्पत्य जीवन में खुशहाली एवं गृहस्थी की स्थापना हेतु कन्या के खाते में 35 हजार रूपये की धनराशि का अनुदान एवं विवाह संस्कार के लिए आवश्यक सामग्री यथा-कपड़े, बिछिया, पायल, बर्तन आदि हेतु 10 हजार रूपये की धनराशि से क्रय करते हुए प्रदान किया जाता है तथा प्रत्येक जोड़े के विवाह आयोजन पर 06 हजार की धनराशि व्यय किये जाने की व्यवस्था है।
इस प्रकार इस योजना के अन्तर्गत एक जोड़े के विवाह पर कुल 51 हजार रूपये की धनराशि प्रदेश सरकार द्वारा प्रदान किया जाता है। मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत नगरीय निकाय (नगर पंचायत, नगर पालिका परिषद, नगर निगम) क्षेत्र पंचायत, जिला पंचायत स्तर पर पंजीकरण कराये जाने की व्यवस्था की गई है और कम से कम 10 जोड़ों के विवाह पर सामूहिक विवाह आयोजित कराने की व्यवस्था की जाती है। इस योजना के तहत सामूहिक विवाह योजना का लाभ लेने के लिए पंजीकरण कराने में बहुत ही सरलीकरण कर दिया गया है, ग्राम पंचायत में ग्राम प्रधान ब्लाक पर खण्ड विकास अधिकारी, सहायक विकास अधिकारी, समाजकल्याण तथा नगरीय निकाय पार्षद, अधिशासी अधिकारी, नगर पंचायत में नगर पालिका व जोनल अधिकारी से मिलकर सामूहिक विवाह हेतु पंजीकरण कराया जा सकता है। सभी वर्गों के गरीब, जरूरतमंद व निराश्रित परिवार के लोग अपनी कन्या के विवाह हेतु पात्र व्यक्ति पंजीकरण कराकर इस योजना का लाभ ले सकते हैं। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री जी की यह कल्याणकारी बहुत ही महत्वपूर्ण योजना हैै। इस योजना के लागू होने से सभी धर्मों, वर्गों के लोगो की पुत्रियों की शादी हो रही है। प्रदेश की इस योजना का क्रियान्वयन समाज कल्याण विभाग द्वारा विवाहित जोड़ों को आयोजित सामूहिक विवाह कार्यक्रम में सम्मिलित कराते हुए विधिवत व्यवस्था के साथ सम्पन्न कराया जाता है। प्रदेश सरकार द्वारा इस योजना के तहत माह मई, 2019 तक कुल 56897 जोड़ो का विवाह सम्पन्न कराया जा चुका है।
जिलाधिकारी सी0 इन्दुमती ने बताया कि जनपद में मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत गरीबी रेखा से नीचे जीवन-यापन करने वाले 220 जोड़ों का विवाह कराया जायेगा, जिसमें जिला पंचायत द्वारा 11 जुलाई को 101 जोड़ों का, कूरेभार ब्लाक द्वारा 35 जोड़ों का, 15 को मोतिगरपुर ब्लाक में 30 जोड़ों का, 17 जुलाई को जयसिंहपुर ब्लाक द्वारा 22 जोड़ों का तथा बल्दीराय ब्लाक में 32 जोड़ों का सामूहिक विवाह का आयोजन एक सप्ताह में विभिन्न समुदाय एवं धर्मों के रीति-रिवाज के अनुसार कराया जायेगा। उन्होंने बताया कि इसी प्रकार अन्य सभी ब्लाकों में भी मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत पात्र सभी वर्गों की गरीबों, मजदूरों, अल्प आय वाले व्यक्तियों की बेटियों का विवाह कराया जायेगा।
Updated on:
9 Jul 2019, 1:25 PM IST
Published on:
9 Jul 2019, 1:20 PM IST
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