26 जनवरी 2026,

सोमवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

छत्तीसगढ़ के इस जिले में पिछले साल हुईं 357 सडक़ दुर्घटनाएं, 225 लोगों की असमय गई जान

Road accident: वर्ष 2021 की तुलना में जिले में मौत की संख्या (Death figure) में आई कमी, राष्ट्रीय सडक़ सुरक्षा सप्ताह का एसपी ने किया शुभारंभ कर लोगों को सडक़ पर चलने व दुर्घटना होने पर क्या करें, इसकी दी जानकारी

2 min read
Google source verification
Girl hit by truck

Road accident

सूरजपुर. Road accident: सूरजपुर में 33वां राष्ट्रीय सडक़ सुरक्षा सप्ताह का शुभारंभ बुधवार को एसपी रामकृष्ण साहू द्वारा किया गया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि 33वां राष्ट्रीय सडक़ सुरक्षा सप्ताह 11 से 17 जनवरी तक मनाया जाएगा। इसका मुख्य उद्देश्य लोगों को सावधानी के साथ सडक़ नियमों का पालन करने के लिए जागरुक करना और उनके जीवन को सुरक्षित करना है। जिले की पुलिस पूरे सप्ताह सडक़ सुरक्षा से संबंधित कई कार्यक्रम आयोजित कर लोगों को सडक़ पर सावधानीपूर्वक वाहन चलाने के लिए प्रोत्साहित करेगी। एसपी ने बताया कि सूरजपुर जिले में वर्ष 2021 में 401 दुर्घटनाओं के मामलों में 249 लोगों की मृत्यु हुई और 323 व्यक्ति घायल हुए। वर्ष 2022 में 357 दुर्घटनाओं में 225 लोगों की मृत्यु हुई और 303 व्यक्ति घायल हुए हैं, जो वर्ष 2021 की तुलना में वर्ष 2022 में दुर्घटना में कमी आई है।


गौरतलब है कि भारत में प्रत्येक वर्ष जनवरी माह में सडक़ सुरक्षा सप्ताह मनाया जाता है जिसका मुख्य उद्देश्य सडक़ दुर्घटनाओं को रोकना एवं लोगों में यातायात नियमों के प्रति जागरूक करना है। राष्ट्रीय सडक़ सुरक्षा सप्ताह शुभारंभ अवसर पर एसपी ने कहा कि आमजन यातायात नियमों का पालन करें ताकि दुर्घटना से बचा जा सके।

बाइक चलाते समय हेलमेट का उपयोग अवश्य करें, हेलमेट का उपयोग नहीं करने से दुर्घटना के समय सिर में चोट लगने से व्यक्ति की मृत्यु हो जाती है। हमारी सुरक्षा से पूरे परिवार की सुरक्षा भी जुड़ी होती है। सडक़ दुर्घटना में घायल व्यक्ति को प्राथमिक उपचार नहीं मिलने के कारण उसकी मृत्यु हो जाती है।

इस हेतु आमजनों को घायल व्यक्ति को तुरंत निकटतम अस्पताल ले जाने के लिए प्रोत्साहित किया। वहीं लोगों को सावधानी के साथ सडक़ नियमों का पालन करने के लिए जागरूक करने व सडक़ पर सावधानीपूर्वक वाहन चलाने के लिए प्रोत्साहित करने के लिए यातायात जागरूकता रथ को पुलिस अधीक्षक रामकृष्ण साहू, एसडीओपी सूरजपुर प्रकाश सोनी ने हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया।

यह भी पढ़ें: एसडीएम ने ट्रक समेत 150 बोरी धान किया जब्त, इस बार राजनीतिक पहुंच भी नहीं आई काम


सुरक्षित सफर के लिए नियमों के प्रति जागरूक होना जरूरी
एसपी ने बताया कि सूरजपुर जिले में वर्ष 2021 में 401 दुर्घटनाओं के मामलों में 249 लोगों की मृत्यु हुई और 323 व्यक्ति घायल हुए। वर्ष 2022 में 357 दुर्घटनाओं में 225 लोगों की मृत्यु हुई और 303 व्यक्ति घायल हुए हैं, जो वर्ष 2021 की तुलना में वर्ष 2022 में दुर्घटना में कमी आई है।

पुलिस अधीक्षक ने कहा कि सुरक्षित सफर के लिए सबसे ज्यादा जरूरी है लोगों का नियमों के प्रति जागरूक होना और उनका महत्व समझकर उन्हें अपने जीवन में अपनाना। जिले में सडक़ दुर्घटनाओं में घायलों को तत्काल सहायता पहुंचाने के लिए हाईवे पेट्रोलिंग की टीम 24 घंटे मुस्तैदी से कार्य कर रही है।

दुर्घटनाओं को रोकने की दिशा में शराब पीकर वाहन चलाने वालों के विरूद्ध लगातार धारा 185 की कार्यवाही जारी है और लापरवाही पूर्वक वाहन चलाकर एक्सीडेंट करने वालों के लाइसेंस भी निलंबित कराया जा रहा है।

यह भी पढ़ें: बार-बार पत्र लिखकर त्रस्त हो चुके निगम के नेता प्रतिपक्ष ने कहा- 27 जनवरी को करूंगा आत्मदाह


ये रहे उपस्थित
इस दौरान डीएसपी मुख्यालय नंदिनी ठाकुर, डीएसपी रामश्रृंगार यादव, जिला परिवहन अधिकारी अमित कश्यप, थाना प्रभारी सूरजपुर प्रकाश राठौर, निरीक्षक धर्मानंद शुक्ला, यातायात प्रभारी बृजकिशोर पाण्डेय, एसआई संतोष सिंह, एएसआई विराट विशी, ब्यासदेव राय, बिसुनदेव पैंकरा, राजाराम राठिया, प्रधान आरक्षक रामजतन सिंह, अनिल भगत, समाज सेवी रामबिलास मित्तल सहित यातायात व पुलिस लाइन के अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे।