
सावन में भजन-कीर्तन की धूम
सिलवासा. हिन्दू धर्म में सावन का माह पवित्र एवं दान पुण्य का माना गया है। इस माह में धर्म, साधना, पूजा अर्चना, भजन कीर्तन से वर्षभर का पुण्य प्राप्त होता हैं। आमली तिरूपति रेजिडेंसी में आसपास की महिलाओं ने भजन कीर्तन एवं सत्संग रखा, जिसमें राजस्थानी में भगवान श्रीकृष्ण, सालासर हनुमान और शिव-पार्वती के भजन सुनाए गए। राधा तेरे संग आए मुरलीवाले, मैं पागल हो गई बांसुरी के ध्यान में, राधा का भी श्याम, कभी राम बनके कभी श्याम बन के आदि भजनों पर महिलाओं ने लोकनृत्य किया।
सावन में शहर की महिलाएं ढोल-मजीरा, बांसुरी, हारमोनियम, तबला लेकर घर-घर भक्ति का अलख जगा रही हैं। वे सोसायटियों में वाद्य यंत्र लेकर नियमित भजन कीर्तन करती हैं। कीर्तन के समापन पर भगवान की आरती में हिस्सा लेती हैं। तिरुपति रेजिडेंसी में महिलाओं ने राधा-कृष्ण के भजन गाए। आशा इन्दोरिया, संतोष हिसारिया, सुनीता राठी, मंजू शर्मा, संतोष शर्मा भजन कीर्तन में खासतौर पर हिस्सा लेती हैं। भजनों की शुरुआत भगवान कृष्ण की पूजा से करती हैं एवं घर का बनाया प्रसाद का भोग लगाती हैं। महिलाओं ने बताया कि प्रतिवर्ष श्रावण में पूरे मास भजन कीर्तन चलते हैं। भजन कीर्तन के लिए समय और स्थान का चयन पहले किया जाता है।
स्कूली बच्चों को अग्नि सुरक्षा पर किया जागरूक
दमण. दमण में स्कूली बच्चों एवं शिक्षकों को आगजनी जैसी आपात स्थिति से निपटने के लिए फायर विभाग लगातार प्रशिक्षण दे रहा है। शुुक्रवार को दमण अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवा के डायरेक्टर बीके सिंह के मार्गदर्शन में दमण फायर विभाग ने सरकारी उच्चतर माध्यमिक विद्यालय दाभेल के बच्चों एवं शिक्षकों के लिए फायर सेफ्टी जागरुकता कार्यक्रम आयोजित किया। इसमें दमण फायर एवं इमरजेंसी सर्विस के सहायक निदेशक एके वाला, एएसएफओ एसएल पटेल एवं शशिकांत मांगरी सहित कई कर्मचारियों ने बच्चों, शिक्षकों एवं अन्य स्टाफ को आग लगने के समय खुद का और आग में फंसे अन्य लोगों का बचाव तथा राहत पहुंचाने के बारे में जानकारी दी। इस दौरान डेमो भी दिया गया।
कॉलेज में पौधारोपण कर मनाया आदिवासी दिवस
वांसदा. सरकारी विनयन और वाणिज्य कॉलेज में पौधारोपण कर विश्व आदिवासी दिवस मनाया गया। इसके तहत कॉलेज प्रिंसिपल डॉ. जेटी चौधरी की अध्यक्षता में रैली भी निकाली गई। इस उपलक्ष्य में कॉलेज में समारोह आयोजित कर आदिवासी संस्कृति को उजागर करने वाले कार्यक्रमों की प्रस्तुति की गई। बाद में वांसदा पुलिस स्टाफ और कॉलेज स्टाफ ने परिसर में पौधारोपण किया। इस अवसर पर प्रिंसिपल ने प्रकृति पूजा को आदिवासी समाज की विरासत बताया और पौधों के जतन का आह्वान किया। इस कार्य में छात्र भी जुड़े थे।
Published on:
10 Aug 2018 10:43 pm
बड़ी खबरें
View Allसूरत
गुजरात
ट्रेंडिंग
