5 फ़रवरी 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

SURAT NEWS: स्वतंत्रता सैनानी मेहता को गार्ड ऑफ ऑनर

राजस्थान में उदयपुर मूल के थे और सूरत में 15 वर्षों से रह रहे थे, आजादी के बाद राजस्थान की राजनीति में था गहरा दखल

less than 1 minute read
Google source verification
SURAT NEWS: स्वतंत्रता सैनानी मेहता को गार्ड ऑफ ऑनर

SURAT NEWS: स्वतंत्रता सैनानी मेहता को गार्ड ऑफ ऑनर

सूरत. ब्रिटिश सरकार के खिलाफ राजस्थान में चले किसान आंदोलन में सक्रिय भूमिका अदा करने वाले उदयपुर जिले के गोगुंदा निवासी व सूरत प्रवासी 95 वर्षीय स्वतंत्रा सैनानी देवीलाल मेहता का मंगलवार को सूरत में निधन हो गया। मरणोपरांत मेहता को गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया और बाद में विधिविधान से अंत्येष्टि कर्म किया गया।
भारत की आजादी से पहले 1939 में प्रजामंडल में स्वयंसेवक बनकर आंदोलन में सक्रिय भाग लेने वाले राजस्थान के मेवाड़ अंचल के स्वतंत्रता सैनानी देवीलाल मेहता का राजस्थान की राजनीति में भी काफी बड़ा योगदान रहा। राजस्थानी भाषा साहित्य एवं संस्कृति अकादमी के अध्यक्ष रह चुके डॉ. देव कोठारी ने मेहता के संबंध में बताया कि उन्हें केंद्र व राज्य सरकार दोनों की ओर से स्वतंत्रता सैनानी होने के नाते प्रोटोकॉल मिलता था और वे इंदिरागांधी पुरस्कार से भी सम्मानित किए गए थे। मेहता के पुत्र व कपड़ा व्यापारी रमेश मेहता ने बताया कि माताजी के निधन के बाद कुछ समय वे उदयपुर रहे और बाद में सूरत आ गए थे।

स्थानीय प्रशासन की ओर से गार्ड ऑफ ऑनर

मंगलवार को उनका निधन होने पर उन्हें स्थानीय प्रशासन की ओर से गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया और उसके बाद अंतिम संस्कार किया गया। मेहता के निधन पर राजस्थान विधानसभा प्रतिपक्ष नेता गुलाबचंद कटारिया ने भी उनके व्यक्तित्व को नमन करते हुए श्रद्धांजलि संदेश परिजनों को भेजा। स्वतंत्रता सैनानी मेहता के अंतिम संस्कार के दौरान जैन समाज के अलावा मेवाड़ अंचल के कई लोग मौजूद रहे।