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दर्शन नायक को कांग्रेस ने दिखाया बाहर का रास्ता

नायक बोले- पहले ही दे चुके हूं इस्तीफा

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सूरत

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Vineet Sharma

Feb 23, 2018

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सूरत. प्रदेश कांग्रेस ने दर्शन नायक के खिलाफ एक बार फिर कार्रवाई की है। पहले नायक को निलंबित किया गया था, इस बार उन्हें पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया। उधर, नायक ने बताया कि वह पहले ही पार्टी से इस्तीफा दे चुके हैं। ऐसे में पार्टी से निकालने के फैसले का कोई औचित्य नहीं है।

शहर में शुक्रवार को दिनभर जिला कांग्रेस के कार्यकर्ताओं को निकाले जाने की चर्चा रही। शहर और जिला कांग्रेस कार्यकर्ताओं में इस बात को लेकर असमंजस रहा कि आखिर किस-किस को बाहर का रास्ता दिखा दिया गया। अपुष्ट सूत्रों से यह कहा जाता रहा कि पार्टी विरोधी गतिविधियों के कारण छह लोगों को पार्टी आलाकमान ने निलंबित कर दिया है। बाद में तस्वीर साफ हुई और पार्टी ने दर्शन नायक को कांग्रेस से बाहर करने की पुष्टि की।

प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता मनीष दोशी ने बताया कि दर्शन नायक की पार्टी विरोधी गतिविधियों में लिप्तता को देखते हुए उन्हें बाहर कर दिया गया है। उन्होंने अन्य कार्यकर्ताओं के निलंबन की चर्चा को महज अफवाह बताया। दोशी ने साफ किया कि दर्शन नायक के अलावा सूरत शहर एवं जिला कांग्रेस से किसी अन्य पार्टी कार्यकर्ता के खिलाफ किसी तरह का एक्शन नहीं लिया गया है। इस संबंध में दर्शन नायक ने बताया कि पिछले लंबे समय से कांग्रेस के साथ उनका कोई संबंध नहीं है। पार्टी ने जब निलंबन वापस लिया था, उसके बाद ही उन्होंने पार्टी से इस्तीफा दे दिया था। जो व्यक्ति पार्टी से जुड़ा नहीं है, उसे बाहर निकालने की बात बेमानी है।

पुराना है विवाद

दर्शन नायक और जिला कांग्रेस का विवाद काफी पुराना है। वर्ष २०१४ के लोकसभा चुनाव तक दर्शन नायक को पूर्व केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ. तुषार चौधरी का नजदीकी माना जाता था। कुंवर जी हलपति के कांग्रेस छोडऩे के बाद दर्शन नायक ने डॉ. तुषार चौधरी पर खुद को जिला प्रमुख बनाने के लिए दबाव डालना शुरू कर दिया था। बताते हैं कि चौधरी पर दबाव बनाने के लिए लोकसभा चुनाव प्रचार के दौरान नायक अचानक भूमिगत हो गए थे। हालांकि उस वक्त दोनों नेताओं ने इस प्रकरण से इनकार किया था, लेकिन जिस तरह से नायक की जिला कांग्रेस प्रमुख पद पर नियुक्ति हुई, उसने इस प्रकरण की याद दिला दी थी। बाद में दोनों के बीच मनमुटाव हुआ तो नायक को पार्टी से निलंबित कर दिया गया था। नायक ने इसके लिए चौधरी को जिम्मेदार बताया था। पार्टी ने बाद में नायक का निलंबन वापस ले लिया था।