
Naresh Meena: टोंक जिले के देवली उनियारा में विधानसभा उपचुनाव के दौरान निर्दलीय प्रत्याशी नरेश मीणा की ओर से एसडीएम अमित चौधरी को थप्पड़ मारने के बाद उपजा विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। नरेश मीणा के गिरफ्तारी के बाद राजस्थान के कई जिलों में बवाल मचा हुआ है। ऐसे में पुलिस ने टोंक के साथ बूंदी और कोटा जिले में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। दूसरी ओर आरएएस अधिकारियों की हड़ताल भी जारी है। वहीं, आज नरेश मीणा की कोर्ट में पेशी है। ऐसे में नरेश मीणा को कोर्ट तक लाना पुलिस के लिए किसी बड़ी चुनौती से कम नही हैंं।
समरावता गांव में बुधवार रात पथराव, आगजनी के बाद गुरुवार सुबह पुलिस ने नरेश मीणा को गिरफ्तार कर लिया। इस पर मीणा के समर्थक भड़क गए। समर्थकों ने पुलिस वाहनों को रोकने की कोशिश की और जाम लगा दिया। समर्थकों ने समरावता के उनियारा-गुलाबपुरा नेशनल हाईवे 148 डी और टोंक-सवाईमाधोपुर हाईवे पर अलीगढ़ में जगह-जगह आगजनी की और जाम लगा दिया।
भीड़ को खदेड़ने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले दागे। उपद्रवियों ने भी पुलिस पर पत्थर फेंके। हंगामे के चलते पुलिस ने दोनों हाईवे पर वाहनों के आवागमन पर रोक लगा दी। हालांकि, शाम को गुलाबपुरा हाईवे तो सामान्य हो गया। लेकिन, टोंक-सवाईमाधोपुर हाईवे पर अलीगढ़ के पास आज सुबह भी जाम लगा हुआ है। समर्थक नरेश मीना की रिहाई की मांग कर रहे है।
नरेश मीणा की आज कोर्ट में पेशी है। ऐसे में नरेश मीणा को कोर्ट तक ले जाना पुलिस के लिए बड़ी चुनौती है। क्योंकि नरेश को गिरफ्तार करने के बाद जिस वाहन में ले जा रहे थे उसे कई बार समर्थकों ने रोकने का प्रयास किया था। ऐसे में आज कड़ी सुरक्षा के बीच नरेश को कोर्ट में पेश किया जाएगा। बता दें कि गुरुवार को गिरफ्तारी के बाद नरेश मीणा को टोंक और फिर पीपलू ले जाया गया था। उसे रातभर पीपलू थाने में ही रखा गया है।
इधर, आरएएस एसोसिएशन की ओर से पेन डाउन हड़ताल लगातार दूसरे दिन भी जारी है। पहले आरएएस अधिकारी नरेश मीणा की गिरफ्तारी की मांग कर रहे थे। लेकिन, अब नरेश मीणा की गिरफ्तारी के बाद सीएम भजनलाल शर्मा से मुलाकात की मांग पर अड़े हुए है। एसोसिएशन अध्यक्ष महावीर खराड़ी ने बताया कि आज सीएम शर्मा से मुलाकात करेंगे। लेकिन, सीएम से मुलाकात होने तक आरएएस अधिकारियों की हड़ताल जारी रहेगी।
उक्त घटना को लेकर सोशल मीडिया पर लगातार अफवाह फैलाई जा रही है। ऐसे में पुलिस ने आमजन से अपील की कि अफवाहों पर ध्यान नहीं दिया जाए। किसी भी प्रकार की सूचना-मैसेज को बिना सोचे समझे एवं बिना तथ्य की जानकारी के अन्यत्र नहीं भेजें। टोंक पुलिस की ओर से लगातार सोशल मीडिया पर निगरानी की जा रही है। अफवाह फेलाने वालों के विरूद्ध नियम अनुसार कार्रवाई की जाएगी। टोंक पुलिस अधीक्षक विकास सांगवान ने कहा कि हमने ग्रामीणों व नरेश मीना के समर्थकों से अनुरोध किया था कि कानून को हाथ में ना ले। पुलिस व प्रशासन हमेशा लोगों के साथ है।
Updated on:
15 Nov 2024 09:40 am
Published on:
15 Nov 2024 09:00 am
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