3 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

आज हर जीव जी रहा विषाक्त वातारण में-संत हेमन्तदास

निवाई. झिलाय में सरपंच की ढाणी में गोपालजी के मंदिर में रविवार को महन्त हेमंतदास के सान्निध्य में भागवत कथा का आयोजन हुआ।

2 min read
Google source verification

टोंक

image

Kamal Bairwa

Apr 24, 2018

 भागवत कथा

निवाई.झिलाय में सरपंच की ढाणी में भागवत कथा का आयोजन हुआ।

निवाई. निकटवर्ती झिलाय में सरपंच की ढाणी में गोपालजी के मंदिर में रविवार को महन्त हेमंतदास के सान्निध्य में भागवत कथा का आयोजन हुआ। इसमें श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ा। भागवत कथा में कथावाचक महन्त हेमंतदास ने कहा कि आज हर जीव विषाक्त वातावरण में जी रहा है। इससे बचने के लिए नाम जप की आवश्यकता है। प्रभु का नाम ही जीव को शुद्धता प्रदान कर सकता है। उन्होंने कहा कि कलयुग में नाम जप से ही सब संभव हो सकता है। यह संसार के मोहजाल में फंसे हुए लोगों को भव से पार करता है।

इस दौरान पूर्व विधायक कमल बैरवा, प्रधान चन्द्रकला गुर्जर, मांगीलाल गुर्जर, बैंक प्रबन्धक दीपक डंगायत, सरपंच भंवरलाल यादव, हीरालाल कसाणा, बनवारीलाल यादव, पप्पू मस्ताना, वार्ड पंच ममता विजय, महेश मिश्रा, बनवारीलाल मिश्रा, मांगीलाल धाबाई, चतुर्भुज यादव, जगदीश शर्मा, हीरालाल कसाना, रामकल्याण खटाणा, गीता परिडवाल, ऊषा मिश्रा आदि मौजूद थे। (नि.सं.)

तालाब में पानी की आवक के रास्ते सुचारू कराया जाए
मालपुरा. उपखण्ड क्षेत्र के डिग्गी गांव के विजय सागर तालाब में पानी की आवक के रास्तों में हो रहे अतिक्रमण को हटाने की मांग को लेकर सोमवार को ग्रामीणों ने उपखण्ड अधिकारी शंकरलाल सैनी को ज्ञापन सौंपकर रास्ते सुचारू कराने की मांग की। पंचायत समिति सदस्य रतनलाल धोबी, मदन सिंह खंगारोत, राधाकिशन, अनिल शर्मा, विशाल, खेमचन्द सहित कई ग्रामीणों की ओर से सौंपे ज्ञापन में बताया कि विजय सागर तालाब डिग्गी तीर्थ नगरी का ऐतिहासिक तालाब है।

इसमें जलझूलनी एकादशी को कल्याणजी को नौका विहार कराए जाने के साथ-साथ वर्ष भर श्रीजी के दर्शन करने वाले लाखों श्रद्धालु इस तालाब में स्नान करते हैं, लेकिन तालाब में बरसात के समय पानी की आवक के चावण्डिया रास्ता, पीपल्या रास्ता, कुरथल रास्ते पर कुछ प्रभावशाली लोगों ने अतिक्रमण किया हुआ है। इससे पानी की आवक के रास्ते ही बंद हो गए है। ऐसे में तालाब में पानी नहीं आने से यात्रियों को परेशानीं का सामना करना पड़ेगा।


बड़ी खबरें

View All

टोंक

राजस्थान न्यूज़

ट्रेंडिंग