
15 किलोमीटर की दूरी, ग्रामीणों की 'मजबूरी
उदयपुर/ बंबोरा. अजमेर विद्युत वितरण निगम के कुराबड़ स्थित सहायक अभियंता कार्यालय के अधीन संचालित धमकाचौड़ा पावर हाउस में रिक्त चल रहा कनिष्ठ अभियंता का पद आम लोगों के लिए परेशानी की वजह बना हुआ है। छोटी-मोटी बिजली समस्या एवं बिजली बिल को लेकर ग्रामीणों को करीब १५ किलोमीटर की दूरी तय कर कुराबड़ पहुंचना पड़ता है। समस्या से ग्रामीणों का न केवल समय जाया हो रहा है, अपितु उन्हें आर्थिक संकट से भी जूझना पड़ रहा है।
दूसरी ओर विद्युत निगम में भी खामियों पसरी हुई है। पहले धमकाचौड़ा में बैठक कक्ष का अभाव बताकर जेईएन की नियुक्ति करने से बचते रहे। अब, जब एक साल पहले कनिष्ठ अभियंता कार्यालय भवन बनकर तैयार हो गया है तो यहां जेईएन का पद ही रिक्त चल रहा है। यहां एक मात्र कनिष्ठ अभियंता है, जिसके पास बंबोरा और धमकाचौड़ा क्षेत्र की जिम्मेदारी है। एक मात्र जेईएन की समस्या से आम उपभोक्ता परेशान हो रहा है।
इनकी भी परेशानी
बम्बोरा, सोमाखेड़ा, फीला, बोरी, गुडली, सुलावास जैसी ग्राम पंचायतों के 3 दर्जन गांवों के बिजली उपभोक्ताओं को बंबोरा आना जाना होता है। बिजली का फाइन जमा कराने, एस्टीमेंट बनवाने, बिल सुधार, थ्री फेस बिजली के लिए भौतिक सत्यापन सहित क्षेत्र में लाइन की खराबी या कोई अन्य घटना पर उपभोक्ता जब बंबोरा पहुंचते हैं तो अधिकारी के नहीं होने पर उन्हें मजबूरन कुराबड़ जाना पड़ता है। वहां भी एक मात्र जेईएन के फिल्ड पर पहुंचने से समस्साएं बढ़ जाती हैं।
जारी हैं प्रयास
रिक्त पद की समस्या को लेकर उच्चाधिकारियों को अवगत करा रखा है। उम्मीद है कि क्षेत्र को कनिष्ठ अभियंता मिल जाएगा।
भगवानदास, अधिशासी अभियंता, भींडर
Published on:
29 May 2019 06:00 am
