
विरासत के विभिन्न विषयों पर चर्चा
उदयपुर. विश्व जीवंत विरासत महोत्सव-2018 के पांच दिवसीय आयोजन के तहत तीसरे दिन गुलाब बाग में ‘प्रभाती’ कार्यक्रम हुआ। अहमदाबाद की अपर्णा मेनन एवं ग्रुप ने कर्नाटिक शैली में गायन प्रस्तुत किया। जनाना महल के लक्ष्मी चौक में शिल्प एवं कला का संगम ‘सृजन’ बाजार और रात में फतहसागर पाल पर कथक और सूफी संगीत का रंग जमा।
इससे पहले सुबह सिटी पैलेस बड़ी पोल से हेरिटेज वॉक शुरू हुई। मेवाड़ की मंदिर कला एवं उसके शिल्प की बारीकियों से पर्यटक रू-ब-रू हुए। दरबार हॉल में अन्तरराष्ट्रीय सेमिनार ‘रि-थिंकिंग टेम्पल्स’ के तहत देश में मंदिर निर्माण और उससे सम्बद्ध आगम शास्त्र और शिल्प शास्त्र पर प्रस्तुति केलिफोर्निया कॉलेज ऑफ आट्र्स, यूएसए की वरिष्ठ व्याख्याता डॉ. डेबरा स्टेन ने व्याख्यान दिया। एकलिंगजी के पूर्व पुजारी नरेन्द्र प्रकाश दशोरा ने पूजा विधान बताया। मंदिर की मूर्तिकला, नागदा के प्राचीन मंदिरों की बनावट पर प्रकाश डाला। पर्यटकों ने आर्ट एंड क्राफ्ट बाजार में बढ़-चढ़ कर हिस्सा लिया।
Published on:
20 Oct 2018 02:32 am
