
video : देश को जोड़ने का काम भक्ति आंदोलन ने किया, सब एक संगत एक पंगत में दिखेे - डॉ कृष्ण गोपाल
चंदनसिंह देवड़ा/उदयपुर. राजस्थान विद्यापीठ में गुरूवार को मनीषी पंडित जनार्दन राय नागर संस्कृति रत्न अलंकरण समर्पण समारोह का आयोजन किया गया। इस समारोह में राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के सह सरकार्यवाहक डॉ कृष्ण गोपाल मुख्य वक्ता के तौर पर शामिल हुए। उन्होंने "भारतीय मध्यकालीन संत परम्परा और वह काल" विषय पर विचार रखे। समारोह में विद्यापीठ के कुलपति प्रो एस एस सारंगदेवोत, समेत कई विद्धवान, कॉलेज छात्र छात्राएं समेत की लोग उपस्थित रहे। अपने उद्बोधन में डॉ कृष्ण गोपाल ने कहा कि मध्यकाल में संतोंं ने समाज को नई दिशा दी। धार्मिक कथा, आरती हिंदी और लोक भाषाओंं में समाज के सामने पेश की। रामानुज, रैदास, तुलसी दास ने इसमें अहम् भूमिका निभाई। भक्ति आंदोलन ने हर तरफ अलख जगाई। जाति वर्ग को एक समान बनाया सब एक संगत एक पंगत में दिखने लगे। वैैदिक संस्कार वैैदिक दर्शन लोक भाषाओ में संतोंं ने दिया। पूजा कोई भी करो, शूचिता चाहिए। रहीम चित्रकूट गए। ऐसे भक्ति माहाैैल में कई समुदाय विशेष के लोग भी कृष्ण, राम शिव भक्त बने।
सारे देश को जोड़ने का काम भक्ति आंदोलन ने किया। 12वीं से 16वीं शताब्दीी तक यह चला। इसने समाज को सम्भाल के रखा। सभी को बराबर दर्जा दिया। महिलाओंं को आगे बढ़ाया।
Published on:
11 Oct 2018 02:02 pm
