
मेनार. समुचित मॉनिटरिंग के अभाव में स्वच्छता मिशन कारगर साबित नहीं हो पा रहा है। इसकी बानगी ग्रामीण क्षेत्रों में दिख रही है। भींडर पंचायत की मेनार ग्राम पंचायत के हाल खराब है। यहां 1 वर्ष पहले स्वच्छता अभियान के तहत स्वीकृत राशि में से फूटी कौड़ी का उपयोग नहीं हो पाया है। ग्राम पंचायत को स्वच्छता के लिए सरकार ने राशि स्वीकृत की, इसके बावजूद कस्बे में चारों तरफ गंदगी पसरी है। बता देंं कि मेनार ग्राम पंचायत को ओडीएएफ घोषित हुए करीब 13 महीने हो चुके हैं लेकिन कस्बे में सफाई के इंतजाम नहीं हो पाए हैं। मुख्य मार्ग, चौराहों के साथ ही अधिकतर इलाकों में गंदगी का आलम है।
मुख्य चौराहों पर नहीं रखे डस्टबिन : डाक बंगला से हॉस्पिटल मार्ग, बाजार, जमरा घाटी मार्ग, ठाकरोत दावोत मोहल्ला, थम्ब चौक, उच्च माध्यमिक स्कूल मार्ग, लुणावतों का मोहल्ला, एसबीआई शाखा, समिति मार्ग, शिव प्रतिमा के पास आदि मार्गों पर कीचड़ पसरा है। डस्टबिन के अभाव में जगह-जगह पॉलिथिन व व कचरा बिखरा पड़ा है। वहीं राडाजी स्थानक के पास मुख्य मार्ग पर फैले कीचड़ से आए दिन बाइक सवार गिरकर घायल हो रहे हैं, वहीं छात्राएं भी कीचड़ से होकर जाने को मजबूर है। चिकित्सालय जाने वाले लोगों को भी कीचड़ से गुजरना पड़ रहा है।
बर्ड विलेज पर दाग बनी पंचायत की लापरवाही
ग्राम पंचायत और जनप्रतिनिधियों की लापरवाही खूबसूरत बर्ड विलेज पर दाग बनती जा रही है। ग्रामीणों सहित यहां पक्षी दर्शन और शिव प्रतिमा के यहां आने वाले पयर्टकों को परेशानी होती है। यहां आने वाले सैलानी प्रवासी परिंदों के दार्शनिक स्थलों को देख खुश होते हैं लेकिन खस्ताहाल सडक़ों और कीचड़ से अटे मार्ग उनके साथ गन्दी छवि लेकर जाते हंै। प्रत्येक रविवार को दूर दराज से सैकड़ों लोग यहां आते हंै । इधर, युवाओ का कहना है कि एक बार फिर सप्ताह भर के लिए मॉर्निंग फॉलोअप की जरूरत है। खुले में शौच नहीं जाने के लिए लोगों को प्रेरित किया जाए, वहीं तालाब के आसपास क्षेत्रों में पॉलीथिन का उपयोग नहीं हो। ग्रामीण अशोक मेनारिया व गोविंद मेनारिया ने बताया कि थम्ब चौक से स्कूल मार्ग और लुणावतों के मोहल्ले, बाजार घाटी मार्गों के हालात इतने बदतर है कि ग्रामीणों को कीचड़ में से जाना पड़ता है।
जल्द होगी सफाई
मेला प्रांगण से 2-3 कचरा पात्र तो गांव में रखवा दिए हैं। शेष कचरा पात्र भी दो-तीन दिन में मुख्य मार्ग पर रखवा देंगे। स्वच्छता मिशन मद की राशि नरेगा के तहत स्वीकृत हुई है। मजदूरों की कमी से राशि खर्च नहीं हो पाई। जल्द ही सफाई करवाई जाएगी।
मदन सिंह राठौड़, ग्राम पदेन सचिव, ग्राम पंचायत मेनार
सचिव को करेंगे निर्देशित
स्वच्छता मिशन मद से स्वीकृत राशि का उपयोग अब तक क्यों नहीं हो पाया इसकी जानकारी नहीं है। सचिव को इसके लिए निर्देशित किया जाएगा। जल्द ही समस्याओं का समाधान किया जाएगा।
जितेंद्र सिह राजावत, विकास अधिकारी, पंचायत समिति भींडर
Updated on:
11 Jan 2018 06:21 pm
Published on:
11 Jan 2018 05:38 pm
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.
