
फतहनगर. उदयपुर . मध्यप्रदेश के महू जिले केरेन गांव से रामदेवरा जा रहे १६ जातरूओं में से २ युवकों की सोमवार देर रात फतहनगर कृषि मंडी परिसर में सर्पदंश से मौत हो गई। सर्पदंश के बाद रात को ही साथी जातरू दोनों युवकों को अचेतावस्था में सनवाड़-फतहनगर के बीच निजी व सरकारी अस्पताल की दौड़ लगाते रहे लेकिन किसी ने उनका उपचार नहीं किया। सनवाड़ सरकारी अस्पताल में चिकित्सक के मौजूद नहीं होने पर नर्स ने हाथ खड़े कर दिए। बाद में आक्रोशित जातरूओं ने ग्रामीणों के साथ सडक़ पर उतर विरोध-प्रदर्शन किया। इस पर चिकित्सक के रेफर करने पर पुलिस ने दोनों युवकों को एमबी चिकित्सालय भेजा तब तक एक की सांस उखड़ चुकी थी तथा दूसरे ने उदयपुर पहुंचने से पहले ही दम तोड़ दिया। जातरूओं ने बताया कि गत 15 अगस्त को 16 जातरू बाबा रामदेवरा दर्शन के लिए रवाना हुए थे। अलग-अलग जगह रुकते हुए वह सोमवार रात करीब 9.30 बजे फतहनगर पहुंचे। रामरसोड़ा में भोजन के दौरान ही बारिश शुरू हो गई। खाना खाने के बाद सभी पास ही कृषि मंडी परिसर में टीनशेड के नीचे आ गए। वहां पर पहले से ही अन्य जगह से आए जातरू व मजदूर सोए हुए थे। जगह कम होने से अवतारसिंह (17) पुत्र दरबार सिंह पंवार एवं गोपाल (16) पुत्र प्रकाश भील पास ही रखे बोरे पर सो गए। रात करीब एक बजे अवतार व गोपाल ने उठे और पेट दर्द व जी मचलने की शिकायत की। सभी उन्हें संभालते उससे पहले ही वे गश खाकर गिर पड़े, फिर बाद में दोनों ने दम तोड़ दिया। घटना के बाद मृतक गोपाल की दादी सोहनीबाई व भाभी कलादेवी के अलावा दो युवक य्.ाहीं रुके। शेष सभी यात्रा को अधूरी छोड़ कर गांव रवाना हो गए। सूचना पर दोनों मृतकों परिजन व रिश्तेदार दोपहर को उदयपुर पहुंचे। फतहनगर थाना पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद दोनों शव उनके सुपुर्द किया। पोस्टमार्टम कार्रवाई के दौरान गोपाल की दादी व भाभी की मुर्दाघर के बाहर रूलाई फूट पड़ी।
दोनों युवकों को लेकर परिजन ऑटो से सुबह करीब 4.15 बजे मेरे क्वार्टर पर आए थे जिसमें एक युवक की पहले ही मौत हो चुकी थी और दूसरी की हालत बहुत गंभीर थी। कार्ड बनाकर उसे उदयपुर रैफर किया लेकिन उसे ले जाने के लिए एम्बुलेंस 104 के चालक ने साफ मना कर दिया। इस पर परिजनों ने अस्पताल के बाहर हंगामा कर दिया। बाद में 4.30 बजे 18 को फोन किया तो पता चला कि मावली के पास वह खराब पड़ी है। इसके बाद करीब सुबह 6 बजे पलाना से108आने के बाद दोनों को उदयपुर रैफर किया गया।
डॉ. नरेन्द्र भाटी, चिकित्सक, उप स्वास्थ्य केन्द्र सनवाड
Published on:
22 Aug 2018 04:11 pm
