
- गत वर्ष प्रदेश में रिक्त पद 2500, भर्ती किए मात्र 851
आखिरकार जहां निजी सुरक्षा एजेंसियां इतनी फल-फुल रही है, वहीं दूसरी ओर सरकारी होमगार्ड्स के हाल किसी से छिपे नहीं हैं। घरों से लेकर सरकारी कार्यालयों में सुरक्षा कर्मियों की जरूरत रहती है, लेकिन ना तो तय समय पर होमगार्ड की सही भर्ती की जा रही और ना ही जरूरत के आधार पर सभी जगह होमगार्ड्स मुहैया करवाए जाते। यदि गत वर्ष को छोड़ दिया जाए तो बीते तीन वर्ष में होमगार्ड्स के पद पर जीरो नामांकन हुआ है। गत वर्ष भी 2500 पदों के रिक्त होने पर केवल 851 होमगार्ड्स का नामांकन किया गया है। जबकि इससे पहले के चार साल तक जीरो प्रतिशत नामांकन हुआ। वर्तमान में यदि होमगार्ड्स को सही तरीके से लगाया जाता है तो इसमें काफी बेरोजगारों को नियोजित किया जा सकता है।
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अब तक नहीं हो पाए प्रोफेशनल
- होमगार्ड्स गृह रक्षा विभाग के अन्तर्गत आते हैं, प्रोफेशनल सिस्टम नहीं होने के कारण अब तक सब कुछ स्पष्ट नहीं है। सरकार गृह रक्षा विभाग को एक स्वयं सेवी संगठन मानती है। इसकी मूल भावना स्थाई रोजगार उपलब्ध कराना नहीं होने की बात कही जाती है, गृह रक्षा स्वयं सेवकों (होम गार्डस) को मांगकर्ता एजेन्सी, विभाग की मांग के अनुसार नियोजित करते हैं।- वर्तमान में गृह रक्षा विभाग में ऑनरोल नफरी 25823 है, विभिन्न ड्यूटियों पर नियोजित स्वयंसेवक 15237 है। इस प्रकार ऑनरोल की तुलना में नियोजन के अवसर कम होने के कारण सभी सदस्यों को ड्यूटी के समान अवसर नहीं मिल पाते है, इसके लिए स्वयं सेवकों को विभागीय रोटेशन प्रणाली से ड्यूटी दिया जाने की बात की जाती है। और सरकार की दलील होती है कि सभी होमगार्ड जवानों को नियमित रूप से 12 माह ड्यूटी दिया जाना संभव नहीं है।
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फेक्ट फाइल:वर्ष- नामांकन के लिए रिक्त पदों की संख्या - किए गए नामांकन की संख्या
2018,19 - 0 - 0
2019,20 - 0 - 0
2020,21 - 0 - 0
2021,22 2500 851
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Published on:
17 Mar 2023 07:59 am
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