
Investor Summit MP on March 1 Ujjain: मार्च का पहला दिन उज्जैन (Ujjain) सहित पूरे प्रदेश के लिए बड़ी औद्योगिक (Industy Conclave) छलांग का अवसर लेकर आ रहा है। शुक्रवार को दो दिवसीय रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव (Industry conclave) का शुभारंभ होगा। नामी औद्योगिक घरानों के साथ करीब एक हजार उद्यमियों की दस्तक होगी। प्रदेश के विभिन्न 12 औद्योगिक क्षेत्रों में 8 हजार करोड़ रुपए की लागत से 25 इंडस्ट्री का लोकार्पण और भूमिपूजन होगा। इनसे लगभग 12 हजार लोगों को सीधा रोजगार मिलेगा। कॉन्क्लेव के दौरान व इसके बाद नए निवेशों की संख्या और बढ़ने की उम्मीद है।
इंदौर रोड शासकीय इंजीनियरिंग कॉलेज परिसर में 1 व 3 मार्च को रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव आयोजित किया जा रहा है। कॉन्क्लेव में देशभर से करीब एक हजार उद्यमी व निवेशकों के शामिल होने की संभावना है वहीं ढाई हजार बायर-सेलर पंजीयन करवा चुके हैं। कार्यक्रम में मौके पर 169 उद्योगपतियों को 6 हजार 774 करोड़ की भूमि आवंटित होगी। साथ ही मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 100 से अधिक इकाइयों को भूमि का आशय पत्र व आवंटन पत्र जारी करेंगे। कार्यक्रम में उद्यमियों को प्रदेश की औद्योगिक नीतियों, उद्योग विकास के लिए आदर्श माहौल, निवेश के लिए सुलभ अवसर आदि से परिचित कराया जाएगा। उम्मीद है कि कॉन्क्लेव के माध्यम से उज्जैन संभाग सहित प्रदेशभर में बड़ी संख्या में औद्योगिक निवेश का खाका तैयार होगा।
कॉन्क्लेव की तैयारी उद्यमियों की गरीमा के अनुरूप की जा रही हैं। इंजीनियरिंग कॉलेज परिसर में करीब 5 हैक्टेयर भूमि पर छोटे-बड़े 10 डोम तैयार बनाए गए हैं। इनमें एक डोम मुख्य आयोजन का वहीं एक मुख्यमंत्री व प्रमुख उद्यमियों की बैठक का रहेगा। इसके अलावा रजिस्ट्रेशन, विभिन्न सत्र, भोजन आदि के लिए पृथक-पृथक डोम तैयार किए गए हैं। पहले दिन ढाई हजार से अधिक लोगों के भोजन की व्यवस्था कार्यक्रम स्थल पर ही गई है। बाहर से आने वाले उद्यमी मेहमानों के ठहरने के लिए शहर की विभिन्न प्रमुख होटलों में करीब 300 कमरे आरक्षित किए गए हैं।
रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव का शुभारंभ मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव करेंगे। कॉन्क्लेव में उद्यमियों से उनके इंटेशन भी लिए जाएंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव इच्छुक निवेशक व उद्यमियों से वन टू वन चर्चा भी करेंगे।
रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव के गरीमामयी आयोजन को लेकर तैयारियां लगभग पूरी हो गई हैं। दो दिवसीय कॉन्क्लेव में विभिन्न सत्र आयोजित किए जाएंगे। मौके पर ही भूमि आवंटन आदि की कार्रवाई होगी।
- राजेश राठौर, एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर एमपी आइडीसी
Updated on:
29 Feb 2024 09:34 am
Published on:
29 Feb 2024 09:33 am
बड़ी खबरें
View Allउज्जैन
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
