17 दिसंबर 2025,

बुधवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

मां कालरात्रि की पूजा करने से समस्त सिद्धियों के द्वार खुलते हैं, सदैव शुभ फल देने वाली है मां

- आश्विन मास की शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि, जिले में शक्तिपीठ के साथ अति प्राचीन सिद्ध पीठ, नवरात्र के दिनों में उमड़ रही भक्तों की भीड़

2 min read
Google source verification
मां कालरात्रि की पूजा करने से समस्त सिद्धियों के द्वार खुलते हैं, सदैव शुभ फल देने वाली है मां

Pattrika

पत्रिका न्यूज़ नेटवर्क

उन्नाव. नवरात्र के पावन अवसर पर देवी मंदिरों में भक्तों की हलचल है आज आश्विन मास की शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि के अवसर पर मां कालरात्रि की पूजा हो रही है मां कालरात्रि की पूजा अर्चना से जीवन में आने वाली परेशानियां दूर होती हैं।

जिले के प्रमुख शक्तिपीठ, माता के मंदिर

बक्सर स्थित मां चंद्रिका देवी का भव्य दरबार मां गंगा के किनारे स्थित है। जहां बड़ी संख्या में भक्तगण मत्था टेकने के लिए आते हैं। नवरात्र के अवसर पर मां कुशहरी देवी मंदिर कुसुंभी, नवाबगंज स्थित दुर्गा माता का मंदिर, शहर में स्टेशन रोड स्थित मां दुर्गा मंदिर, सिविल लाइन स्थित मां कल्याणी देवी मंदिर, शुक्लागंज स्थित मां दुर्गा मंदिर, बिछिया विकासखंड के गांव ओरहर के निकट मां सांखो देवी का मंदिर, सफीपुर उमा शंकरी देवी का प्राचीन सिद्धपीठ मंदिर सहित अन्य बड़ी संख्या में देवी मंदिर है। जहां पर भक्त मत्था टेक रहे हैं।

यह भी पढ़ें

डॉक्टर दीदी से मां ने बताया हमारे घर में बेटियां पढ़ने नहीं जाती हैं, अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस पर नुक्कड़ नाटक

मां कालरात्रि की हो रही पूजा अर्चना

शारदीय नवरात्र की सप्तमी तिथि के अवसर पर मां कालरात्रि की पूजा अर्चना हो रही है। मां दुर्गा के साथ में शक्ति मां कालरात्रि का शरीर काले रंग में होता है। उड़ते सर के बाल गले में बिजली के सामान चमकती माला होती है माता त्रिनेत्र हैं जिनका वाहन गर्दभ है। माता का दाहिना हाथ वर मुद्रा के रूप में होता है। जबकि नीचे वाला अभय प्रदान करता है। बाई तरफ के ऊपर वाले हाथ में लोहे का कांटा और नीचे वाले हाथ में खड़ग पकड़े रहती हैं। मां कालरात्रि की पूजा करने से समस्त सिद्धियों के द्वार खुलने लगते हैं। मां का दर्शन भले ही भयानक हो, लेकिन यह सदैव शुभ फल देने वाली होती है। मां कालरात्रि को शुभंकरी नाम से भी जाना जाता है। जो सभी बाधाओं को दूर करती हैं। जय माता दी