
फाइल फोटो, Pc-Patrika
वाराणसी: बहुत चर्चित कोडिन कफ सिरप की तस्करी के मामले में वाराणसी की कोर्ट ने एक अहम आदेश दिया है। इस मामले का किंगपिग कहे जाने वाले फरार आरोपी शुभम जायसवाल को कोर्ट ने भगोड़ा घोषित कर दिया है। शुभम जायसवाल को कोर्ट द्वारा भगोड़ा घोषित किए जाने के बाद पुलिस अब उसके खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी करवाने की तैयारी में जुट गई है। बताया जा रहा है कि शुभम जायसवाल फरार है और उसके दुबई में होने की आशंका है।
वाराणसी में अपर सत्र न्यायाधीश ने निर्देश जारी करते हुए कोडिन कफ सिरप की तस्करी के मामले में मुख्य आरोपी शुभम जायसवाल को भगोड़ा घोषित कर दिया है। इस मामले में कोतवाली थाने में शुभम जायसवाल व के सहयोगियों के खिलाफ कई मुकदमे दर्ज हैं। वहीं, शुभम की गिरफ्तारी के लिए पुलिस प्रयास कर रही थी। बताया जा रहा है कि वह फरार है और दुबई में अपना नया ठिकाना बन चुका है।
इससे पहले पुलिस ने वाराणसी में शुभम के मकान और उसके फर्म को लेकर कई स्थानों पर नोटिस चस्पा किया था। इस मामले में शुभम के घर पर उसके परिजनों से सोनभद्र की एसआईटी और ईडी की टीम पूछताछ कर चुकी है। शुभम जायसवाल के घर नोटिस चस्पा किए जाने के दौरान पुलिस में मुनादी भी कराई थी। पुलिस द्वारा बार-बार मुनादी और नोटिस चस्पा किए जाने के बाद भी आरोपी शुभम जायसवाल ने सरेंडर नहीं किया, जिसके बाद कोर्ट के आदेश पर उसे भगोड़ा घोषित कर दिया गया है।
शुभम जायसवाल को भगोड़ा घोषित किए जाने के बाद वाराणसी पुलिस अब उसकी गिरफ्तारी को लेकर रेड कॉर्नर नोटिस जारी करवाने की तैयारी में जुट गई है। गौरतलब है कि इस प्रकरण के सामने आने के बाद से ही मुख्य आरोपी शुभम जायसवाल फरार गया था। वहीं, उसके पिता भोला जायसवाल को सोनभद्र पुलिस ने कोलकाता के एयरपोर्ट से गिरफ्तार किया था।
आरोप है कि शुभम के पिता भोला जायसवाल की झारखंड के रांची स्थित शैली ट्रेडर्स के जरिए करोड़ों रुपए की कफ सिरप की अवैध रूप से तस्करी की गई थी। बताया जा रहा है कि उसका नेटवर्क पश्चिम बंगाल और बांग्लादेश तक फैला हुआ था। इस मामले में शुभम का साथ देने वाले उसके कई साथियों को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है, जिनमें अमित सिंह टाटा जैसे नाम प्रमुख हैं।
Updated on:
04 Apr 2026 08:19 pm
Published on:
04 Apr 2026 08:19 pm
