3 जून 2026,

बुधवार

Patrika Logo
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

वाराणसी में ब्रिक्स देशों की बैठक: काशी के जीआई उत्पादों की लगेगी प्रदर्शनी, बनारसी संस्कृति से रूबरू होंगे 11 देश

BRICS countries news। BRICS summit news : काशी में ब्रिक्स देशों की बैठक आयोजित की गई है, जिसमें काशी में प्रसिद्ध जीआई टैग और ओडीओपी उत्पादों की प्रदर्शनी लगाई जाएगी।

2 min read
Google source verification
Brics summit preparation

शिल्पियों द्वारा बनाई गई कलाकृति

BRICS summit in Varanasi : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में 4 और 5 जून को ब्रिक्स (BRICS) देशों की बैठक प्रस्तावित की गई है। इससे पहले जी-20 की सफल मेजबानी के बाद काशी को एक बार फिर से नई जिम्मेदारी दी गई है। बताया जा रहा है कि इस बैठक में शामिल होने के लिए पहुंचने वाले मेहमानों के लिए खास इंतजाम किए गए हैं। वाराणसी के होटल ताज में दो दिनों तक यह बैठक चलेगी। इस बैठक में वाराणसी के जीआई उत्पादों और ओडीओपी (One District One Product) उत्पादों की प्रदर्शनी लगाई जाएगी, जिसका अवलोकन 11 देश के प्रतिनिधि करेंगे।

दिखेगी काशी की कला

जी-20 देशों की बैठक के बाद काशी एक बार फिर से अंतरराष्ट्रीय स्तर की बैठक के लिए तैयार हो चुकी है। यहां 4 और 5 जून को होटल ताज में ब्रिक्स देशों की बैठक आयोजित की गई है, जिसमें काशी में प्रसिद्ध जीआई टैग और ओडीओपी उत्पादों की प्रदर्शनी लगाई जाएगी। अधिकारियों की माने तो इस प्रदर्शनी में काशी की समृद्ध शिल्प परंपरा के 6 शिल्पियों के 6 विशिष्ट उत्पाद प्रदर्शित किए जाएंगे। यह सभी उत्पाद काशी की सदियों पुरानी कला, शिल्प और सांस्कृतिक विरासत के जीवंत प्रतीक बताए जा रहे हैं। काशी के शिल्पकारों से अनुभव लेकर यह सभी प्रतिनिधि अपने-अपने देश में इसका बखान करेंगे और काशी के कारीगरों को अपने उत्पादों को वैश्विक बाजार तक पहुंचाने का अवसर भी मिलेगा।

ब्रिक्स में कौन-कौन से देश हैं शामिल

दरअसल, ब्रिक्स में ब्राजील, चीन, मिस्त्र, इथोपिया, भारत इंडोनेशिया, ईरान, सऊदी अरब, दक्षिण अफ्रीका और संयुक्त अरब अमीरात शामिल है, जिनके लिए काशी को तैयार किया गया है। काशी अपनी सांस्कृतिक रूप में सज धज कर यहां आने वाले मेहमानों के लिए तैयार है। इसके साथ ही काशी के शिल्पकारों द्वारा बनाई गई बनारस गुलाबी मीनाकारी, क्राफ्ट, बनारस ब्रोकेड साड़ी, बनारसी सॉफ्ट स्टोन जाली वर्क, वाराणसी वुडन लेकर वेयर एंड टॉयज, बनारस मेटल रिपोजी क्राफ्ट और बनारस ग्लास बीड्स की प्रदर्शनी लगाई जाएगी।

क्या बोले एक्सपर्ट

पद्मश्री और जीआई विशेषज्ञ डॉक्टर रजनीकांत ने बताया कि ब्रिक्स देशों के प्रतिनिधियों की उपस्थिति स्थानीय कलाकारों और उद्मियों के लिए एक बड़ा अवसर लेकर आई है। विदेशी प्रतिनिधि के समक्ष सीधे अपने उत्पादों का प्रदर्शन होते और निर्यात होने की संभावना देख कलाकारों को खुशी मिलेगी और इसके अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंचाने का मार्ग भी खुल सकता है। उन्होंने बताया कि स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी इसके कारण मजबूती मिलने की उम्मीद है और काशी के पारंपरिक शिल्प को नई वैश्विक पहचान प्राप्त होगी।

राष्ट्रीय पुरस्कार पाने वाले और गुलाबी मीनाकारी के कलाकार कुंज बिहारी ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ खुद की जीआई और ओडीओपी उत्पादों के ब्रांड एंबेसडर हैं। उन्होंने प्रदेश के हस्तशिल्पियों को नई पहचान दी है। इसके साथ ही मरती हुई प्राचीन काल भी जीवित हो गई है। उन्होंने बताया कि ब्रिक्स देश के सामने वाराणसी के हैंडीक्राफ्ट उत्पादों का प्रचार प्रसार होगा और इससे देश-विदेश से आए मेहमान काशी की पुरातन काल से परिचित होंगे, यही नहीं, हैंडीक्राफ्ट की बारीकियां को भी जानेंगे। उन्होंने बताया कि उम्मीद है कि इस बैठक से हमें उन देशों में भी ऑर्डर मिलने की संभावना है और रोजगार के नए अवसर सृजन होंगे।

बड़ी खबरें

View All

वाराणसी

उत्तर प्रदेश

ट्रेंडिंग