
धरने पर छात्र
वाराणसी: शनिवार की देर रात काशी हिंदू विश्वविद्यालय में एमएससी कृषि विभाग के एक छात्र की सड़क दुर्घटना में मौत हो गई। इसके बाद साथी छात्रों ने विश्वविद्यालय के प्रांगण में जमकर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान उनकी सुरक्षा कर्मियों से धक्का मुक्की भी हुई। छात्रों का आरोप है कि दुर्घटना के बाद छात्र को ट्रामा सेंटर ले जाने के बाद सही समय पर इलाज नहीं मिला, जिससे उसकी मौत हो गई।
जानकारी के मुताबिक, औरंगाबाद का रहने वाला सूरज एमएससी कृषि विभाग का छात्र था और बीती रात एक बाइक पर सवार होकर तीन छात्र बोस छात्रावास की तरफ जा रहे थे। इसी दौरान डिवाइडर से टकराकर तीनों घायल हो गए। अन्य छात्रों की मदद से उन्हें ट्रॉमा सेंटर भिजवाया गया जहां दो की हालत सामान्य थी, जबकि सूरज की हालत गंभीर थी।
छात्रों का आरोप है कि सूरज को सही समय पर इलाज नहीं मिला, जिसके बाद उसकी मौत हो गई। इसी बात को लेकर छात्र रविवार को वीसी आवास के सामने धरने पर बैठ गए। इस दौरान प्रॉक्टोरियल विभाग के सुरक्षाकर्मियों से उनकी धक्का मुक्की भी हुई। छात्रों की मांग है कि इस मामले की पूरी इंक्वारी कराई जाए और दोषी स्वास्थ्य कर्मियों पर कार्रवाई की जाए।
कुलपति को सौंपे गए ज्ञापन में छात्रों ने मृतक के परिवार को 2 करोड़ रुपए की आर्थिक सहायता या परिवार के किसी एक व्यक्ति को नौकरी देने की मांग की है। छात्रों का यह भी कहना है कि दुर्घटना होने के बाद ट्रॉमा सेंटर आने वाले मरीजों को बिना आईडी देखे या बिना किसी पेपर वर्क के तुरंत उनका इलाज शुरू किया जाए। छात्रों ने आरोप लगाया कि ट्रॉमा सेंटर में इंचार्ज अपने ड्यूटी के समय अनुपस्थित थी, उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जाए।
छात्रों ने विश्वविद्यालय परिसर में अंधेरे वाली जगह पर प्रॉपर बिजली की व्यवस्था और लाइट लगवाने की व्यवस्था करने की मांग की है। पूरे मामले को सुनने के बाद कुलपति ने छात्रों को आश्वासन दिया है कि उनकी मांगों पर जल्द ही अमल किया जाएगा।
Published on:
01 Mar 2026 01:58 pm
बड़ी खबरें
View Allवाराणसी
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
