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Ramlila : चतुर्भुजा अवतार के साथ राम सीता जन्म का हुआ मंचन
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Ramlila : चतुर्भुजा अवतार के साथ राम सीता जन्म का हुआ मंचन

श्रीनगर कस्बे में आदर्श नवयुवक मंडल द्वारा आयोजित की जा रही रामलीला (ramlila 2019)कार्यक्रम के दूसरे दिन सोमवार को चतुर्भुज अवतार के साथ राम सीता जन्म का सुंदर मंचन किया गया।
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अजमेर

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Preeti Bhatt

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Updated: 1 Oct 2019, 2:05 PM IST

अजमेर/ श्रीनगर कस्बे में आदर्श नवयुवक मंडल द्वारा आयोजित की जा रही रामलीला (Ramlila )कार्यक्रम के दूसरे दिन सोमवार को चतुर्भुज अवतार के साथ राम सीता जन्म का सुंदर मंचन किया गया। मंडल अध्यक्ष महावीर मेघवंशी ओर संचालक विष्णुप्रकाश शर्मा ने बताया कि रामलीला (Traditional Performance Of Ramlila) पृथ्वी पुकार के साथ शुरू हुई। पृथ्वी रावण के अत्याचारो से भयभीत होकर गाय का वेष धरकर देवताओं के पास गयी। देवता भी रावण के अत्याचारों से भयभीत हुए परमपिता ब्रह्मा के पास घबराये हुए पहुचे। परमपिता ब्रह्मा ने कहा कि भगवान घट-घट के वासी है, सभी की पुकार सुनकर हमे भगवान की स्तुती करनी चाहिए।

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इस दौरान विष्णु को आकाशवाणी से अवतार लेने के लिए कहा। दूसरी ओर मंचन के दौरान अयोध्या के राजा दशरथ तीन विवाह करने के बाद चौथे में भी सन्तान नही होने से दुःखी और व्याकुल थे। गुरु वशिष्ठ द्वारा भृगुऋषि को बुलाकर दशरथ को पुत्रेष्टि यज्ञ कराने की सलाह दी। इस पर राजा दशरथ के पुत्रेष्टि यज्ञ से प्रसन्न होकर अग्नि देव ने एक हव्य दिया। जिससे राजा दशरथ के घर राम, लक्ष्मण, भरत ओर शत्रुघ्न का जन्म हुआ। राम जन्म से पूर्व कलाकारों की ओर से भगवान चतुर्भुज अवतार की सुंदर झांकी का मंचन भी किया गया। जिसमें कौशल्या को भगवान विष्णु ने स्वप्नरूपी दर्शन देकर जन्म लेने के लिए कहा। इसके बाद सीता जन्म का सुंदर मंचन किया गया।

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रामलीला के दौरान राम का सत्यनारायण पारीक, लक्ष्मण का बाल कलाकार तनुज, भरत का बाल कलाकार (child artist)पवन मेघवंशी, शत्रुघ्न का बाल कलाकार लक्ष्य सरावगी, राजा दशरथ का किशनअवतार पारीक, जनक का महेश जांगिड़, सुनैयना का सीताराम माली, विश्वामित्र का सुनील कुमावत, गुरु वशिष्ठ का किशनलाल वैष्णव, मारिच का दीपक शेरगढ़िया, सुभाउ का धनराज महाराज, सुमन्त का कमलप्रकाश चौहान और ताड़का का कृष्णगोपाल माली ने बखूबी तरीके से किरदार निभाते हुए अभिनय कला का जलवा बिखेरा। इस दौरान विदूषक और जोकर का किरदार बने भागचंद कुमावत ने अपनी हास्य व्यग्य बातो के बाण छोड़ते हुए ग्रामीणों ओर बच्चो को जमकर गुदगुदाया।

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