अलवर के गोविन्दगढ में एक गांव है ‘आगरा की’ नाम का। इस, गाँव के एक घर में अज्ञात कारण से लगी आग के कारण एक दर्दनाक हादसा हो गया। घर में आग लगने से 6 वर्ष की मासूम जिंदा जल गई। परिजनों ने बताया कि सन्ना/अजरूद्दीन (6) अपने कच्चे घर में कूलर के सामने सो रही थी। जबकि उसकी मां ईद की रस्म पूरी करने के बाद खाना बना रही थी और उसके पिता जो रविवार रात को ईद मनाने के लिए गाड़ी से लौटे थे अपने परिवार के लोगों के साथ बैठकर चर्चा कर रहे थे। अचानक से बच्ची के रोने की और मां को आवाज देने की चीख सुनाई दी तो परिजन मौके पर पहुंचे। लेकिन चंद पलों में ही सबकुछ ख़ाक हो गया। परिजनों ने आग बुझने के बाद देखा कि आग में जलने से मासूम की मौत हो गई है।
कच्चे मकान में रहता है परिवार
घटना की जानकारी मिलने के बाद गोविंदगढ़ तहसीलदार रमेश खटाणा और पटवारी मनीष मीणा मौके पर पहुंचे और मौका रिपोर्ट तैयार की। परिवार झोपड़ी डालकर कच्चे घर में रहता है। आग लगने से मासूम सहित पिता का फोन कूलर और घर में रखे पैसे भी जल गए।