राजस्थान पत्रिका की ओर से श्रीराम वाटिका मैरिज गार्डन में आयोजित स्पीक आउट कार्यक्रम में हुआ। इसमें लोगों ने स्थानीय समस्या के मुद्दे उठाये। लोगों ने बताया कि पानी की किल्लत वर्षों से हो रही है, जिसका समाधान आज तक नहीं निकल पाया। सप्ताह में एक या दो दिन ही पानी आता है। जनता टैंकरों से काम चला रही है। गंदगी लगातार बढ़ रही है। वार्ड कभी साफ नजर नहीं आया। कचरे के ढेर लगे हैं। ये समस्याएं वार्ड 64 के लोगों ने उन्होंने कहा कि शाम होते ही असामाजिक तत्वों का यहां जमावड़ा लग जाता है। महिलाएं ही नहीं तमाम लोग परेशान हैं। आवारा श्वानों से लेकर बंदरों से जनता परेशान है।
सुरेश मेहता का कहना है कि पानी की समस्या का स्थाई समाधान तभी हो सकता है जब हम वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम अपनाएं। उन्होंने ये भी कहा कि नगर निगम को फोन करके अवगत कराएं ताकि वह कचरे के लिए गाड़ी भिजवाएं। सभी लोगों को जागना होगा। मनमोहन दुबे का कहना है कि खाली प्लॉट में पानी जमा हो रहा है। मच्छर पनप रहे हैं। जनता परेशान है। यूआईटी इसका रास्ता निकाले। वैद्य पंकज शर्मा का कहना है कि सामुदायिक भवन के पास शाम होते ही असामाजिक तत्व आते हैं। महिलाओं पर कमेंट आदि करते हैं। शराबी भी यही खड़े हो रहे हैं। प्रभु सिंह ने रोड लाइट व सड़क पर ब्रेकर लगाने की मांग की।