
जम्मू-कश्मीर के बांदीपोरा में आर्मी ट्रक के खाई में गिरने से शहीद हुए बहरोड़ के जवान नीतीश कुमार की पार्थिव देह सोमवार को उनके पैतृक गांव रिवाली पहुंची। जवान नीतीश कुमार की पार्थिव देह जब गांव पहुंची, तो पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। उनकी पत्नी अंशु देवी पति को देखकर बेसुध हो गईं, वहीं पिता सुरेंद्र यादव बेटे की पार्थिव देह को देखकर फूट-फूटकर रोने लगे।
जवान नीतीश कुमार को श्रद्धांजलि देने के लिए गांव में तिरंगा रैली निकाली गई। उनके अंतिम संस्कार में बड़ी संख्या में ग्रामीण और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे। इस दौरान गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढम भी शहीद को श्रद्धांजलि देने पहुंचे।
नीतीश कुमार छह साल पहले सेना में भर्ती हुए थे और हाल ही में छुट्टी के बाद ड्यूटी पर लौटे थे। उनके शहीद होने से गांव में शोक का माहौल है। ग्रामीणों ने नीतीश की शहादत को गर्व का विषय बताया और उनके परिवार के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त कीं।
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