बुरहानपुर. ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा तिथि पर सुहागन महिलाओं ने अपने पति की लंबी उम्र और सुख शांति के लिए वट सावित्री का पूजन किया। शहरी सहित ग्रामीण अंचलों में सुबह से ही महिलाएं वट वृक्ष की पूजा के लिए पहुंची।नव विवाहिता महिलाओं में पहली बार वट सावित्री पूजा को लेकर खास उत्साह दिखने को मिला। पूजा की थाली में आम, मौसमी फल अर्पित कर महिलाओं ने वट वृक्ष की परिक्रमा की। पूजा के बाद वट सावित्री कथा भी सुनी गई।
कलेक्टोरेट कार्यालय परिसर में स्थित शव मंदिर पर महिलाएं पूजन के लिए पहुंची।इतवारा, सिंधीपुरा, लक्ष्मी नगर सहित अन्य कॉलोनी क्षेत्र में बड़ी संख्या में महिलाएं पूजा के लिए एकत्रित हुई।अर्चना महाजन ने बताया कि ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा पर महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र के लिए दिनभर उपवास रखने के साथ ही वट के वृक्ष की पूजा करती है।पूजा के बाद वृक्ष की 12 बार परिक्रमा कर फल, फूल चढ़ाकर सुख-समृद्धि की कामना की जाती है।शास्त्रों के अनुसार इस दिन व्रत रखकर वट वृक्ष के नीचे सावित्री, सत्यवान और यमराज की पूजा करने से पति की आयु लंबी होती है और संतान सुख प्राप्त होता है। मान्यता यह भी है कि इसी दिन सावित्री ने यमराज के चुंगल से अपने पति सत्यवान के प्राणों की रक्षा की थी। उसी दिन से यह पर्व महिलाओं द्वारा मनाया जाता है।